Airbus A320 Safety Alert | एयरबस A320 विमानों में गंभीर तकनीकी खामी: दुनिया भर में बड़े पैमाने पर ग्राउंडिंग शुरू

Sat 29-Nov-2025,11:36 AM IST +05:30

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Airbus A320 Safety Alert | एयरबस A320 विमानों में गंभीर तकनीकी खामी: दुनिया भर में बड़े पैमाने पर ग्राउंडिंग शुरू Airbus A320 safety issue update
  • एयरबस A320 विमानों में गंभीर तकनीकी खामी का खुलासा.

  • 200–250 भारतीय विमानों में जरूरी सॉफ्टवेयर/हार्डवेयर अपग्रेड.

  • उड़ानों में देरी और रद्दीकरण की आशंका, सुरक्षा सर्वोपरि.

Delhi / Delhi :

Delhi / दुनिया भर में एयरबस A320 परिवार के सैकड़ों विमानों को अचानक ग्राउंड किया जा रहा है, क्योंकि इनमें उड़ान नियंत्रण प्रणाली से जुड़ी एक गंभीर तकनीकी खामी सामने आई है। यह समस्या सीधे विमान की सुरक्षा को प्रभावित कर सकती है, इसलिए सभी ऑपरेटरों को तुरंत सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर अपडेट लागू करने के निर्देश जारी किए गए हैं। भारत में इंडिगो, एअर इंडिया और एअर इंडिया एक्सप्रेस भी इससे प्रभावित हैं, जहां करीब 200 से 250 विमान मरम्मत और अपग्रेड के लिए अस्थायी रूप से बाहर किए जाएंगे।

इंडिगो और एअर इंडिया पर बड़ा असर
एयरबस की ओर से जारी विशेष अधिसूचना के बाद इंडिगो ने बताया कि उनके विमान बेड़े का बड़ा हिस्सा A320 परिवार से आता है और कंपनी अपग्रेड की प्रक्रिया को तेजी से पूरा करने में एयरबस के साथ काम कर रही है। इंडिगो ने यह भी स्वीकार किया कि इन बदलावों के बीच उड़ान संचालन में कुछ व्यवधान आ सकते हैं, हालांकि उनकी टीम यह सुनिश्चित करने की कोशिश में है कि यात्रियों को कम से कम असुविधा हो।

एअर इंडिया एक्सप्रेस ने भी पुष्टि की है कि एयरबस के अलर्ट के बाद उन्होंने तुरंत एहतियाती कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। उनके बेड़े में मौजूद कई विमान प्रभावित नहीं हुए हैं, लेकिन एयरबस के वैश्विक दिशानिर्देश सभी ऑपरेटरों पर लागू होते हैं। ऐसे में उड़ानों में देरी, री-शेड्यूलिंग और रद्दीकरण की संभावना बनी रहती है। रिपोर्ट्स के अनुसार एअर इंडिया एक्सप्रेस के लगभग 31 विमान इस तकनीकी खामी की जद में आए हैं।

एअर इंडिया ने भी आधिकारिक बयान जारी कर कहा कि उनके कुछ विमानों में सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर अपग्रेड अनिवार्य है। जब तक यह प्रक्रिया पूरी नहीं हो जाती, कुछ उड़ानों की समय-सारणी प्रभावित रहेगी। कंपनी ने यात्रियों से असुविधा के लिए खेद भी जताया है।

सौर विकिरण से जुड़ी समस्या ने बढ़ाई चिंता
एयरबस ने पहले खुलासा किया था कि तीव्र सौर विकिरण के कारण A320 श्रृंखला के कई विमानों में फ्लाइट कंट्रोल से जुड़े महत्वपूर्ण डेटा के खराब होने की आशंका है। इस कारण ELAC (Elevator Aileron Computer) फ्लाइट कंट्रोल सिस्टम में गलत पिच डेटा दर्ज हो सकता है, जो उड़ान के दौरान बेहद खतरनाक स्थिति पैदा कर सकता है।

इस खतरे की वास्तविकता तब सामने आई, जब कैनकन से न्यूयॉर्क जा रही एक निजी एयरलाइन की A320 उड़ान अचानक हजारों फीट नीचे झुक गई। पायलट ने ऐसा कोई आदेश नहीं दिया था, लेकिन ELAC सिस्टम ने गलत डेटा पढ़ लिया, जिसके कारण केबिन में जोरदार झटका लगा। कई यात्री उछल कर सीटों से गिर पड़े और घायल हो गए। स्थिति गंभीर होने पर विमान को टैम्पा की ओर डायवर्ट करना पड़ा।

EASA का आपात निर्देश: पुराना ELAC कंप्यूटर तुरंत हटाएं
यूरोपीय एविएशन सेफ्टी एजेंसी (EASA) ने 28 नवंबर को Emergency Airworthiness Directive जारी किया। इसमें A320 परिवार के विमानों से पुराने ELAC कंप्यूटर मॉडल B L104 को तुरंत हटाने का आदेश दिया गया है। इसे सुरक्षित मॉडल B L103+ से बदला जाएगा।

जिन विमानों में पुराना मॉडल लगा है, उन्हें सामान्य उड़ान भरने की अनुमति नहीं दी जाएगी। केवल सीमित परिस्थितियों में ‘फेरी फ्लाइट’—यानि मरम्मत स्थल तक ले जाने वाली उड़ान—की इजाजत दी जा सकती है।

भारत में 560 विमानों में से 250 प्रभावित
भारत के पास A320 श्रृंखला के कुल करीब 560 विमान हैं, जिनमें से 200–250 को सॉफ्टवेयर अपग्रेड या हार्डवेयर बदलने की आवश्यकता पड़ेगी। चूंकि प्रत्येक विमान को जमीन पर रखकर अपग्रेड किया जाएगा, इसलिए उड़ान संचालन में बाधाएं आना स्वाभाविक है।

सुरक्षा सर्वोपरि
यह तकनीकी समस्या विमानन उद्योग के लिए एक बड़ा झटका जरूर है, लेकिन इसकी गंभीरता को देखते हुए वैश्विक स्तर पर उठाए गए कदम आवश्यक हैं। एयरलाइंस यात्रियों को कम से कम परेशानी देने की कोशिश में जुटी हैं, जबकि विशेषज्ञ टीमें तेज़ी से अपग्रेड का काम कर रही हैं। आने वाले हफ्तों में उड़ान संचालन धीरे-धीरे सामान्य होने की उम्मीद है।