NCC सम्मेलन 2026: प्रशिक्षण, नेतृत्व और बुनियादी ढांचे में सुधार
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एनसीसी सम्मेलन में वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रशिक्षण गुणवत्ता सुधार, बुनियादी ढांचे और तकनीकी कौशल के विकास पर व्यापक विचार-विमर्श किया।
रक्षा सचिव ने 2047 तक विकसित भारत लक्ष्य के तहत एनसीसी को सशक्त बनाने और युवाओं में नेतृत्व क्षमता बढ़ाने पर जोर दिया।
New Delhi/ राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) के अपर महानिदेशकों (एडीजी) और उप महानिदेशकों (डीडीजी) के दो दिवसीय सम्मेलन का उद्घाटन मानेकशॉ सेंटर, नई दिल्ली में किया गया। उद्घाटन दिवस पर रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह ने सभी प्रतिभागियों को संबोधित किया और एनसीसी के सामाजिक तथा जनहितकारी योगदान की सराहना की।
रक्षा सचिव ने कहा कि राष्ट्रीय कैडेट कोर का रूपांतरण केंद्र सरकार की नीतियों और कार्यक्रमों के अनुरूप होना चाहिए। उन्होंने बताया कि समन्वित प्रयास एनसीसी के लक्ष्यों और उद्देश्यों की प्राप्ति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। इसके साथ ही उन्होंने युवाओं में अनुशासन, नेतृत्व और राष्ट्रभक्ति को बढ़ावा देने के लिए एनसीसी के व्यापक कार्यक्रमों पर भी प्रकाश डाला।
एनसीसी के महानिदेशक वीरेंद्र वत्स ने पिछले वर्ष किए गए संगठन विस्तार, बुनियादी ढांचे और रसद सहायता सुदृढ़ीकरण पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने प्रशिक्षण गुणवत्ता, ड्राॅन और साइबर प्रशिक्षण, एनसीसी कैंपों का संचालन और युवाओं को नए कौशल प्रदान करने के महत्व पर जोर दिया।
सम्मेलन में प्रमुख विषयों में प्रशिक्षण कार्यक्रमों की गुणवत्ता में सुधार, वरिष्ठ अधिकारियों के अनुभव साझा करना, नवाचार और तकनीकी उपकरणों का समावेश, तथा एनसीसी इकाइयों के बुनियादी ढांचे का विकास शामिल रहा। इसके अलावा, सम्मेलन में संगठन के अगले पांच वर्षों के लिए रोडमैप और नीति निर्देश तैयार करने पर भी ध्यान दिया गया।
एनसीसी अधिकारियों ने जोर दिया कि उभरते क्षेत्रों में ड्रोन, साइबर सुरक्षा और तकनीकी प्रशिक्षण के माध्यम से युवाओं को आधुनिक चुनौतियों के लिए तैयार किया जाना चाहिए। साथ ही, उन्होंने संगठन के संचालन में सर्वोत्तम प्रक्रियाओं और कार्य प्रणालियों को साझा करने का भी संकल्प लिया।
सम्मेलन का उद्देश्य एनसीसी को न केवल प्रशिक्षण और नेतृत्व में सक्षम बनाना है, बल्कि सामाजिक कार्यक्रमों, जनसहयोग और राष्ट्र निर्माण में संगठन की भूमिका को और सुदृढ़ करना भी है।