डोड्डाबल्लापुर में ESIC अस्पताल का उद्घाटन: मंत्री मांडविया ने रखी बेल्लारी अस्पताल की आधारशिला, श्रमिकों को बड़ी सौगात

Sun 03-May-2026,11:52 PM IST +05:30

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डोड्डाबल्लापुर में ESIC अस्पताल का उद्घाटन: मंत्री मांडविया ने रखी बेल्लारी अस्पताल की आधारशिला, श्रमिकों को बड़ी सौगात ESIC Hospital Karnataka
  • डोड्डाबल्लापुर में 100 बेड वाला ESIC अस्पताल शुरू. 

  • बेल्लारी में नए अस्पताल की आधारशिला रखी गई. 

  • लाखों श्रमिकों को मिलेगा मुफ्त स्वास्थ्य लाभ. 

Karnataka / Dod Ballapur :

Doddaballapur / कर्नाटक के डोड्डाबल्लापुर में श्रमिकों के लिए एक बड़ी सौगात मिली है। केंद्रीय मंत्री मनसुख मांडविया ने यहां नवनिर्मित 100 बिस्तरों वाले Employees' State Insurance Corporation (ईएसआईसी) अस्पताल का उद्घाटन किया। इसी मौके पर उन्होंने बेल्लारी में बनने वाले एक और 100 बिस्तरों के ईएसआईसी अस्पताल की आधारशिला भी रखी। इस कार्यक्रम में केंद्रीय राज्य मंत्री शोभा करंदलाजे और सांसद के. सुधाकर समेत कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री मांडविया ने कहा कि श्रमिक देश की रीढ़ हैं और उनकी स्वास्थ्य सुरक्षा सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं श्रमिकों की सामाजिक सुरक्षा का अहम हिस्सा हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार श्रमिकों के सम्मान और सशक्तिकरण को केंद्र में रखकर काम कर रही है।

उन्होंने बताया कि पिछले कुछ वर्षों में ईएसआईसी के दायरे में बड़ा विस्तार हुआ है। जहां पहले लगभग 2 करोड़ लोग इसके अंतर्गत आते थे, अब यह संख्या बढ़कर 4 करोड़ से अधिक हो गई है। इससे देश में सामाजिक सुरक्षा कवरेज 19 प्रतिशत से बढ़कर 64 प्रतिशत से ज्यादा हो गया है।

मांडविया ने श्रम सुधारों की भी चर्चा की और कहा कि नई श्रम संहिताओं के लागू होने से पारदर्शिता और समानता को बढ़ावा मिला है। अब श्रमिकों के लिए नियुक्ति पत्र अनिवार्य हो गया है और महिलाओं को समान वेतन का अधिकार सुनिश्चित किया गया है। साथ ही, जोखिम भरे काम करने वाले श्रमिकों को भी ईएसआईसी के तहत सुरक्षा दी जा रही है।

स्वास्थ्य के क्षेत्र में एक और महत्वपूर्ण पहल की घोषणा करते हुए उन्होंने बताया कि 40 वर्ष से अधिक उम्र के श्रमिकों के लिए नियमित स्वास्थ्य जांच अनिवार्य की जाएगी। इसके तहत 7 मई से देशभर के ईएसआईसी अस्पतालों में एक विशेष स्वास्थ्य जांच अभियान शुरू किया जाएगा, जिससे बीमारियों का समय रहते पता लगाया जा सके।

डोड्डाबल्लापुर का यह नया अस्पताल न केवल बेंगलुरु और आसपास के क्षेत्रों के लिए बल्कि लाखों श्रमिक परिवारों के लिए राहत लेकर आया है। इस क्षेत्र में कपड़ा उद्योग से जुड़े करीब 15 लाख श्रमिक कार्यरत हैं और उनके परिवारों समेत लगभग 55 लाख लोग इस सुविधा का लाभ उठा सकेंगे। यहां ओपीडी, आपातकालीन सेवाएं, सर्जरी, स्त्री रोग, बाल रोग और अन्य कई आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

इसके अलावा, ईएसआईसी के तहत 20 मेडिकल कॉलेज स्थापित किए गए हैं, जिनमें श्रमिकों के बच्चों के लिए सीटें आरक्षित की गई हैं। इससे उन्हें शिक्षा और करियर के नए अवसर मिलेंगे।

कुल मिलाकर, यह पहल केवल एक अस्पताल का उद्घाटन नहीं, बल्कि श्रमिकों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। सरकार का लक्ष्य साफ है—हर श्रमिक और उसके परिवार को बेहतर स्वास्थ्य, सुरक्षा और सम्मान मिले, ताकि देश का कार्यबल और मजबूत बन सके।