ECL ने कबाड़ बेचकर कमाए ₹2.21 करोड़, विशेष अभियान 6 में सफाई और प्रशासनिक सुधार
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ECL Scrap Sale Earns ₹2.21 Crore
ईसीएल ने लोहे के कबाड़ के निपटान से ₹2.21 करोड़ से अधिक कमाए।
विशेष अभियान 6 के तहत 62,720 वर्ग फुट जगह खाली कराई गई।
3,098 ई-फाइलों की समीक्षा और 2,148 ई-फाइलों को बंद किया गया।
New Delhi / जिस कबाड़ को अब तक बेकार समझकर रखा गया था, वही अब करोड़ों रुपये का राजस्व जुटाने का जरिया बन गया है! कोयला मंत्रालय की कंपनी ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड ने विशेष अभियान 6 के तहत न सिर्फ 2.21 करोड़ रुपये कमाए, बल्कि हजारों वर्ग फुट जगह खाली कराने की दिशा में भी कदम बढ़ाया है। आखिर इस अभियान में कितनी प्रगति हुई है? आइए जानते हैं पूरी खबर।
कोयला मंत्रालय के अंतर्गत कोल इंडिया लिमिटेड की सहायक कंपनी ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड, यानी ईसीएल, ने अपने विशेष अभियान 6 के तहत कबाड़ के निपटान और कार्यालयों में सफाई के मामले में महत्वपूर्ण प्रगति दर्ज की है। इस अभियान के जरिए कंपनी ने लोहे के कबाड़ को बेचकर 2 करोड़ 21 लाख रुपये से अधिक का राजस्व अर्जित किया है।
2 अक्टूबर से 16 अक्टूबर तक की प्रगति रिपोर्ट के अनुसार, कंपनी ने कबाड़ के निपटान, कार्यालयों की जगह खाली कराने और फाइलों के प्रबंधन में कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य कार्यस्थलों पर स्वच्छता बढ़ाना, अनुपयोगी सामग्री का बेहतर इस्तेमाल करना और प्रशासनिक प्रक्रियाओं को अधिक प्रभावी बनाना है।
सबसे पहले बात कबाड़ के निपटान की।
ईसीएल ने कुल 850 मीट्रिक टन कबाड़ के निपटान का लक्ष्य निर्धारित किया था। इसमें से 413.5 मीट्रिक टन कबाड़ का निपटान किया जा चुका है। वहीं, 14 अक्टूबर को लोहे के कबाड़ के निपटान से कंपनी को 2 करोड़ 21 लाख 31 हजार 359 रुपये की राशि प्राप्त हुई। इससे स्पष्ट होता है कि अनुपयोगी सामग्री का व्यवस्थित निपटान राजस्व जुटाने के साथ-साथ संसाधनों के बेहतर उपयोग में भी मदद कर सकता है।
अब बात कार्यस्थलों पर खाली कराई गई जगह की।
कंपनी ने 10 चिन्हित स्थानों पर सफाई अभियान चलाया। इसके तहत 2 लाख 8 हजार 52 वर्ग फुट जगह खाली कराने का लक्ष्य रखा गया था। रिपोर्ट के अनुसार, अब तक 62 हजार 720 वर्ग फुट जगह खाली कराई गई है। यह निर्धारित लक्ष्य का लगभग 30 प्रतिशत है।
फाइलों के प्रबंधन में भी अभियान जारी है।
ईसीएल ने 1,200 वास्तविक फाइलों की समीक्षा करने का लक्ष्य रखा था, जिसमें से 647 फाइलों की समीक्षा पूरी की गई। इसी तरह, 1,000 बेकार फाइलों को हटाने के लक्ष्य के मुकाबले 567 फाइलें हटाई जा चुकी हैं। इस प्रक्रिया से अनावश्यक रिकॉर्ड कम करने, कार्यालय में जगह का बेहतर उपयोग करने और दस्तावेजों को व्यवस्थित रखने में मदद मिल सकती है।
डिजिटल व्यवस्था की बात करें तो ईसीएल ने 3,800 ई-फाइलों की समीक्षा का लक्ष्य रखा था। इनमें से 3,098 ई-फाइलों की समीक्षा पूरी कर ली गई है, जो लक्ष्य का 81 प्रतिशत से अधिक है। इसके अलावा, बंद करने के लिए चिन्हित 3,600 ई-फाइलों में से 2,148 फाइलें बंद की जा चुकी हैं। यह निर्धारित लक्ष्य का लगभग 60 प्रतिशत है।
कुल मिलाकर, विशेष अभियान 6 के तहत ईसीएल कबाड़ के निपटान, स्वच्छता, रिकॉर्ड प्रबंधन और डिजिटल फाइलों की समीक्षा पर काम कर रही है। आने वाले समय में अभियान की सफलता इस बात से भी आंकी जाएगी कि निर्धारित लक्ष्यों को किस हद तक पूरा किया जाता है और इन सुधारों को नियमित कार्यप्रणाली का हिस्सा कैसे बनाया जाता है।