प्रोजेक्ट चीता: बोत्सवाना से 8 चीते आज कूनो पहुंचेंगे

Sat 28-Feb-2026,11:10 AM IST +05:30

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प्रोजेक्ट चीता: बोत्सवाना से 8 चीते आज कूनो पहुंचेंगे Project-Cheetah-8-Cheetahs-Botswana-Kuno-MP-News
  • बोत्सवाना से 8 चीते भारत लाए जा रहे, कूनो नेशनल पार्क में एक महीने क्वारंटाइन और विशेष बाड़ों में रखे जाएंगे।

  • भारतीय वायुसेना के विमान और हेलीकॉप्टरों से सुरक्षित ट्रांसलोकेशन, प्रोजेक्ट चीता का तीसरा अंतरराष्ट्रीय बैच।

Madhya Pradesh / Bhopal :

भोपाल/ भारत के महत्वाकांक्षी वन्यजीव पुनर्वास अभियान ‘प्रोजेक्ट चीता’ के तहत एक और ऐतिहासिक अध्याय जुड़ने जा रहा है। शनिवार, 28 फरवरी को अफ्रीका के बोत्सवाना से 8 चीते भारत पहुंचेंगे। यह तीसरा अंतरराष्ट्रीय ट्रांसलोकेशन बैच होगा, जिसमें 6 मादा और 2 नर चीते शामिल हैं। इनका स्वागत मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव की उपस्थिति में किया जाएगा।

प्रोजेक्ट के अधिकारियों के अनुसार, चीतों को बोत्सवाना से भारतीय वायुसेना के विशेष विमान के जरिए ग्वालियर लाया जा रहा है। उड़ान शुक्रवार रात करीब 9 से 10 बजे के बीच रवाना होगी और लगभग 9 से 10 घंटे में ग्वालियर एयरबेस पहुंचेगी। वहां से दो भारतीय वायुसेना के हेलीकॉप्टरों के माध्यम से इन्हें कूनो नेशनल पार्क पहुंचाया जाएगा। अनुमान है कि शनिवार सुबह 9 से 10 बजे के बीच चीते कूनो पहुंच जाएंगे।

कूनो नेशनल पार्क में इन चीतों के लिए विशेष बाड़े तैयार किए गए हैं। उन्हें करीब एक महीने तक क्वारंटाइन में रखा जाएगा, ताकि नए वातावरण के अनुकूल ढल सकें। सुरक्षित लैंडिंग के लिए पार्क परिसर में पांच हेलीपैड भी बनाए गए हैं।

यह तीसरा बैच है। इससे पहले नामीबिया और दक्षिण अफ्रीका से चीते लाए जा चुके हैं। नए 8 चीतों के आने के बाद देश में कुल चीतों की संख्या बढ़कर 46 हो जाएगी। वर्ष 2023 से अब तक कूनो में 39 शावकों का जन्म हुआ है, जिनमें 27 जीवित हैं। ज्वाला, आशा, गामिनी, वीरा, निरवा और मुखी जैसी मादाओं ने यहां सफल प्रजनन किया है।

वर्तमान में तीन चीतों को गांधी सागर वाइल्डलाइफ सेंचुरी, मंदसौर भेजा गया है, जबकि 35 चीते कूनो में मौजूद हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यह पहल भारत में चीतों की स्थायी पुनर्स्थापना की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होगी।