अवैध चांदी रिफाइनरी पर छापा, 20 लाख के केमिकल जब्त

Sat 18-Apr-2026,02:14 PM IST +05:30

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अवैध चांदी रिफाइनरी पर छापा, 20 लाख के केमिकल जब्त Illegal-Silver-Refinery-Busted-Toxic-Chemicals-Seized
  • खिरनी तकिया क्षेत्र में अवैध चांदी रिफाइनरी पर पुलिस और नगर पालिका की संयुक्त कार्रवाई, 20 लाख रुपये के खतरनाक केमिकल और उपकरण जब्त किए गए।

  • रिहायशी इलाके में बिना लाइसेंस चल रही फैक्ट्री से निकल रहे जहरीले धुएं से स्थानीय लोग परेशान, स्वास्थ्य और सुरक्षा को गंभीर खतरा पैदा हुआ।

  • पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया, अवैध कारोबार के नेटवर्क की जांच शुरू की गई है।

Madhya Pradesh / Agar :

Agar-Malwa/ शहर के खिरनी तकिया क्षेत्र में एक रिहायशी मकान के भीतर चल रही अवैध गतिविधियों का बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस और नगर पालिका की संयुक्त टीम ने छापेमारी कर एक अवैध चांदी रिफाइनरी का भंडाफोड़ किया। कार्रवाई के दौरान लगभग 20 लाख रुपये मूल्य के खतरनाक रसायन और उपकरण जब्त किए गए। स्थानीय लोगों की शिकायत पर हुई इस कार्रवाई ने इलाके में फैले स्वास्थ्य और सुरक्षा जोखिमों को उजागर कर दिया है।

खिरनी तकिया की तंग गलियों में संचालित इस रिफाइनरी से निकलने वाले जहरीले धुएं ने आसपास के लोगों का जीना मुश्किल कर दिया था। रहवासियों का कहना है कि लंबे समय से उन्हें सांस लेने में परेशानी और आंखों में जलन जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा था। शिकायत मिलने पर पुलिस और नगर पालिका की टीम मौके पर पहुंची और छापेमारी की।

मकान के अंदर भारी मात्रा में एसिड और अन्य खतरनाक केमिकल पाए गए, जिनका उपयोग चांदी को शुद्ध करने के लिए किया जा रहा था। जांच में यह भी सामने आया कि फैक्ट्री बिना किसी वैध लाइसेंस और पर्यावरण अनुमति के संचालित हो रही थी।

सबसे चिंताजनक बात यह रही कि फैक्ट्री में किसी भी प्रकार की सुरक्षा व्यवस्था मौजूद नहीं थी। न तो फायर सेफ्टी के इंतजाम थे और न ही कोई आपातकालीन व्यवस्था। रिहायशी इलाके में इस तरह की फैक्ट्री किसी भी समय बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती थी।

कार्रवाई के दौरान पुलिस ने दो आरोपियों, मोहम्मद आबिद (30) और मोजुद्दीन (50) को गिरफ्तार किया है। उनके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 272 और 289 सहित विष अधिनियम, फैक्ट्री अधिनियम और पर्यावरण संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है।

पुलिस अब इस अवैध कारोबार के नेटवर्क की जांच कर रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि इसके तार और किन-किन स्थानों से जुड़े हुए हैं। प्रशासन ने साफ किया है कि ऐसे अवैध और खतरनाक गतिविधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।