केन-बेतवा विरोध में बवाल, 50 पर FIR, यूथ कांग्रेस नेता भी शामिल
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छतरपुर के ढोड़न गांव में केन-बेतवा लिंक परियोजना के विरोध के दौरान वन विभाग का गेट तोड़ने पर 50 प्रदर्शनकारियों पर मामला दर्ज।
यूथ कांग्रेस नेता अभिषेक परमार समेत आरोपियों पर शासकीय कार्य में बाधा, संपत्ति नुकसान और कर्मचारियों से अभद्रता करने के गंभीर आरोप लगे।
पुलिस के पास वीडियो साक्ष्य, 50 अज्ञात प्रदर्शनकारियों की पहचान जारी, प्रशासन ने कानून हाथ में लेने वालों पर सख्त कार्रवाई के संकेत दिए।
Chhatarpur News/ छतरपुर जिले में केन-बेतवा लिंक परियोजना को लेकर चल रहा विरोध अब कानूनी मोड़ ले चुका है। बमीठा थाना क्षेत्र के ग्राम ढोड़न में हुए प्रदर्शन के बाद पुलिस ने यूथ कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष अभिषेक परमार समेत करीब 50 लोगों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया है। यह कार्रवाई सरकारी संपत्ति को नुकसान और कर्मचारियों से अभद्रता के आरोपों के आधार पर की गई है।
जानकारी के अनुसार, दो दिन पहले अभिषेक परमार के नेतृत्व में बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी केन-बेतवा लिंक परियोजना के विरोध में ढोड़न गांव पहुंचे थे। आरोप है कि प्रदर्शन के दौरान भीड़ ने भूसौर गांव के पास स्थित वन विभाग के गेट को जबरन तोड़ दिया और प्रतिबंधित क्षेत्र में प्रवेश कर लिया।
पुलिस के मुताबिक, प्रदर्शनकारियों ने मौके पर मौजूद शासकीय कर्मचारियों के साथ गाली-गलौज और अभद्र व्यवहार भी किया, जिससे सरकारी कार्य प्रभावित हुआ। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल एक्शन लेते हुए शासकीय कार्य में बाधा, सरकारी संपत्ति को नुकसान और अन्य संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया है।
पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर बमीठा थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। अधिकारियों का कहना है कि उनके पास घटना के वीडियो साक्ष्य मौजूद हैं, जिनकी मदद से अन्य अज्ञात प्रदर्शनकारियों की पहचान की जा रही है। करीब 50 अन्य लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ भी कार्रवाई की तैयारी है।
इस पूरे घटनाक्रम के बाद इलाके में तनाव की स्थिति बन गई है। केन-बेतवा लिंक परियोजना को लेकर पहले से ही स्थानीय स्तर पर विरोध जारी था, लेकिन अब इस कार्रवाई के बाद राजनीतिक माहौल और गरमा गया है।
पुलिस प्रशासन ने साफ किया है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। वहीं, इस मामले ने परियोजना को लेकर चल रहे विरोध को और तेज कर दिया है।