उत्तर प्रदेश में ड्राफ्ट मतदाता सूची 6 जनवरी को जारी: जानिए पूरी प्रक्रिया, तारीखें और जरूरी दस्तावेज
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6 जनवरी को जारी होगी ड्राफ्ट मतदाता सूची.
अनमैप्ड वोटरों को मिलेगा नोटिस और मौका.
6 फरवरी तक दावा-आपत्ति दर्ज करने की सुविधा.
Lucknow / उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के बाद ड्राफ्ट मतदाता सूची का प्रकाशन 6 जनवरी को किया जाएगा। इस सूची पर पूरे प्रदेश के मतदाताओं की नजर टिकी है, क्योंकि SIR प्रक्रिया के दौरान करीब 2.89 करोड़ मतदाता अनमैप्ड रह गए हैं। ऐसे मतदाताओं को लेकर चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि ड्राफ्ट सूची जारी होने के बाद भी नाम जुड़वाने का पूरा मौका मिलेगा।
क्या है SIR प्रक्रिया और क्यों है अहम
विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision) का उद्देश्य मतदाता सूची को अधिक शुद्ध, पारदर्शी और त्रुटिरहित बनाना है। इसमें फर्जी, डुप्लीकेट, मृत या स्थानांतरित मतदाताओं की पहचान की जाती है। चुनाव आयोग ने 27 अक्टूबर को SIR कराने की घोषणा की थी और 4 नवंबर से इसकी प्रक्रिया पूरे यूपी में शुरू की गई।
पहले मतदाता गणना फॉर्म भरने की अंतिम तिथि 4 दिसंबर तय की गई थी, लेकिन प्रदेश का बड़ा आकार और जनसंख्या देखते हुए इसे पहले 12 दिसंबर और फिर 26 दिसंबर तक बढ़ाया गया।
ड्राफ्ट सूची 6 जनवरी को क्यों
ड्राफ्ट मतदाता सूची को पहले 31 दिसंबर को जारी किया जाना था, लेकिन प्रशासनिक कारणों से इसकी तारीख बढ़ाकर 6 जनवरी कर दी गई। अब मंगलवार को यह सूची सार्वजनिक की जाएगी। इसके साथ ही प्रदेश में छूटे मतदाताओं की वास्तविक संख्या भी सामने आ सकेगी।
अनमैप्ड मतदाताओं को मिलेगा नोटिस
SIR प्रक्रिया में जो मतदाता अनमैप्ड पाए गए हैं, उन्हें 6 जनवरी से जिला स्तर पर नोटिस भेजने की प्रक्रिया शुरू होगी। नोटिस की सुनवाई के दौरान संबंधित मतदाताओं से दस्तावेज मांगे जाएंगे।
यदि कोई मतदाता आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर पाता है, तो उसका नाम मतदाता सूची से हटाया भी जा सकता है। हालांकि, ऐसे मतदाताओं को भी 6 फरवरी तक का समय दिया गया है।
दावा-आपत्ति की प्रक्रिया कब तक
- ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी होते ही दावा-आपत्ति की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।
- 6 जनवरी से 6 फरवरी तक वोटर अपने दावे और आपत्तियां दर्ज करा सकते हैं।
- 6 जनवरी से 27 फरवरी तक नोटिस चरण, गणना प्रपत्रों पर निर्णय और दावे-आपत्तियों का निस्तारण होगा।
- 6 मार्च को मतदाता सूची का अंतिम (फाइनल) प्रकाशन किया जाएगा।
ड्राफ्ट वोटर लिस्ट कहां और कैसे देखें
मतदाता ड्राफ्ट वोटर लिस्ट को ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरीकों से देख सकते हैं।
ऑनलाइन तरीका:
- भारत निर्वाचन आयोग की वेबसाइट eci.gov.in पर जाएं
- “Search Your Name in E-Roll” पर क्लिक करें
- या सीधे electoralsearch.eci.gov.in पर जाएं
- नाम या EPIC नंबर (वोटर आईडी) डालकर सर्च करें
- स्क्रीन पर आपकी पूरी वोटर डिटेल्स दिख जाएगी।
ऑफलाइन मदद भी उपलब्ध
- अगर ऑनलाइन नाम सर्च नहीं हो पा रहा है, तो घबराने की जरूरत नहीं है।
- अपने क्षेत्र के बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) से संपर्क करें
- हर पोलिंग बूथ की ड्राफ्ट वोटर लिस्ट की एक कॉपी BLO के पास होगी
- राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त बूथ लेवल असिस्टेंट (BLA) से भी मदद ली जा सकती है
नाम नहीं मिला तो क्या करें
अगर ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में आपका नाम नहीं है या ASD सूची में डाल दिया गया है, तो आप फॉर्म-6 और Annexure-IV भरकर आवेदन कर सकते हैं।
फॉर्म BLO ऑफिस में जमा करें
- या voters.eci.gov.in वेबसाइट और E-NET ऐप के जरिए ऑनलाइन आवेदन करें
- इसके बाद चुनाव आयोग द्वारा बुलाई गई हियरिंग में शामिल होना अनिवार्य होगा।
सुनवाई के दौरान क्या साबित करना होगा
हियरिंग में मतदाता को यह स्पष्ट करना होगा कि—
- वह भारतीय नागरिक है
- मतदान के लिए पात्र है
- उसका नाम सूची से क्यों छूटा
- आधार कार्ड होने की स्थिति में एक अतिरिक्त पहचान पत्र भी देना होगा।
जरूरी दस्तावेजों की सूची
सुनवाई के समय निम्न में से कोई भी दस्तावेज मान्य होंगे:
- राज्य/केंद्र सरकार का कर्मचारी पहचान पत्र
- पासपोर्ट
- ड्राइविंग लाइसेंस
- पैन कार्ड
- सरकारी या अर्ध-सरकारी पहचान पत्र
- छात्र पहचान पत्र
- बिजली, पानी या टेलीफोन बिल
- बैंक या डाकघर की पासबुक (पते सहित)
- राशन कार्ड
- किराया अनुबंध
- सरकारी आवास आवंटन पत्र
- गैस कनेक्शन की रसीद या बुक
चुनाव आयोग की अपील
चुनाव आयोग ने सभी मतदाताओं से अपील की है कि 6 जनवरी को जारी होने वाली ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में अपना और अपने परिजनों का नाम जरूर जांच लें, ताकि आने वाले चुनावों में मताधिकार से वंचित न होना पड़े। समय रहते जांच और आवेदन करना ही सुरक्षित रास्ता है।