नोएडा मॉल हादसा: इंजीनियर की मौत पर सख्त कार्रवाई, जूनियर इंजीनियर की सेवा समाप्त

Sun 18-Jan-2026,11:38 PM IST +05:30

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नोएडा मॉल हादसा: इंजीनियर की मौत पर सख्त कार्रवाई, जूनियर इंजीनियर की सेवा समाप्त Noida Sector 150 Accident
  • सेक्टर-150 मॉल हादसे में इंजीनियर की दर्दनाक मौत.

  • लापरवाही पर जूनियर इंजीनियर की सेवा समाप्त.

  • सभी निर्माण स्थलों के सुरक्षा ऑडिट के आदेश.

Uttar Pradesh / Noida :

Noida / नोएडा के सेक्टर-150 में एक निर्माणाधीन मॉल के बेसमेंट में पानी भरने से एक इंजीनियर की डूबकर दर्दनाक मौत के मामले ने प्रशासन को झकझोर कर रख दिया है। इस गंभीर हादसे को लेकर नोएडा प्राधिकरण ने सख्त रुख अपनाया है और साफ कर दिया है कि निर्माण स्थलों पर लापरवाही अब किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए नोएडा प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (CEO) श्री लोकेश एम ने जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी प्रशासनिक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। सीईओ ने इसे स्पष्ट रूप से सुरक्षा मानकों की अनदेखी और प्रशासनिक लापरवाही का नतीजा बताया है।

सीईओ के निर्देश पर सेक्टर-150 क्षेत्र में यातायात व्यवस्था और निर्माण से जुड़े कार्यों की जिम्मेदारी संभाल रहे अधिकारियों व कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। इसके साथ ही नोएडा ट्रैफिक सेल विभाग में तैनात जूनियर इंजीनियर नवीन कुमार की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी गई हैं। यह कार्रवाई प्रशासन की जीरो टॉलरेंस नीति को दर्शाती है, जिससे साफ संकेत मिलता है कि जनसुरक्षा से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ अब कोई नरमी नहीं बरती जाएगी।

नोएडा प्राधिकरण के सीईओ ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए हैं कि लोटस बिल्डर से जुड़े इस प्रोजेक्ट के आवंटन, निर्माण की स्वीकृतियों, सुरक्षा इंतजामों और वर्तमान निर्माण स्थिति की विस्तृत रिपोर्ट तत्काल प्रस्तुत की जाए। इस रिपोर्ट के आधार पर यह तय किया जाएगा कि किन-किन स्तरों पर नियमों की अनदेखी हुई और आखिर जिम्मेदारी किसकी बनती है।

श्री लोकेश एम ने दो टूक शब्दों में कहा है कि निर्माण स्थलों पर सुरक्षा मानकों की अनदेखी किसी भी हाल में स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने सभी विभागों को अपने-अपने क्षेत्रों में चल रही निर्माणाधीन परियोजनाओं का दोबारा निरीक्षण करने और जहां भी खामियां हों, वहां तुरंत सुधारात्मक कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। उनका साफ कहना है कि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।

इस सख्त कार्रवाई के बाद नोएडा प्राधिकरण में हलचल तेज हो गई है। वहीं, अन्य बिल्डरों और निर्माण एजेंसियों के लिए भी यह एक कड़ा संदेश है कि नियमों की अनदेखी और सुरक्षा में लापरवाही अब भारी पड़ेगी। प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि जनसुरक्षा से समझौता करने वालों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की जाएगी, ताकि भविष्य में किसी परिवार को इस तरह का दर्द न झेलना पड़े।