AI Impact Summit 2026: पीएम ने हरदीप पुरी का लेख साझा किया, डेटा संप्रभुता और जवाबदेही पर जोर
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Hardeep Singh Puri Article
पीएम ने एआई इम्पैक्ट समिट 2026 पर लेख साझा किया.
डेटा संप्रभुता, समावेशन और जवाबदेही पर जोर.
सभ्यतागत मूल्यों से प्रेरित भारत का एआई विजन.
Delhi / प्रधानमंत्री ने एआई इम्पैक्ट समिट 2026 के सफल समापन को लेकर केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी द्वारा लिखे गए एक लेख को साझा किया है। प्रधानमंत्री कार्यालय ने इस लेख को एक्स (पूर्व ट्विटर) पर साझा करते हुए बताया कि इसमें भारत की एआई नीति और दृष्टिकोण को विस्तार से रखा गया है।
केंद्रीय मंत्री ने अपने लेख में कहा है कि भारत ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के क्षेत्र में आगे बढ़ते हुए अपनी सभ्यतागत विरासत और मूल्यों से प्रेरणा ली है। उनके मुताबिक, तकनीकी प्रगति केवल नवाचार तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि उसमें नैतिकता, समावेशन और जवाबदेही भी शामिल होनी चाहिए। भारत इसी सोच के साथ वैश्विक मंच पर अपनी अलग पहचान बना रहा है।
लेख में यह भी रेखांकित किया गया है कि भारत एआई के लिए अपनी एक विशिष्ट मार्गदर्शक अवधारणा प्रस्तुत कर रहा है। इसमें तीन प्रमुख स्तंभों पर जोर दिया गया है— डेटा पर संप्रभुता, रूपरेखा के स्तर पर समावेशन और नियत रूप से जवाबदेही। डेटा संप्रभुता का अर्थ है कि देश के नागरिकों का डेटा सुरक्षित रहे और उसका नियंत्रण देश के कानूनों और नीतियों के तहत हो। यह डिजिटल युग में बेहद महत्वपूर्ण विषय माना जा रहा है।
समावेशन के स्तर पर भारत यह सुनिश्चित करना चाहता है कि एआई का लाभ समाज के हर वर्ग तक पहुंचे— चाहे वह ग्रामीण क्षेत्र हो, छोटे उद्यमी हों, छात्र हों या महिलाएं। तकनीक केवल बड़े शहरों या बड़ी कंपनियों तक सीमित न रहे, बल्कि आम नागरिकों के जीवन को बेहतर बनाए।
जवाबदेही के मुद्दे पर भी भारत ने स्पष्ट संकेत दिए हैं कि एआई के उपयोग में पारदर्शिता और उत्तरदायित्व अनिवार्य होंगे। इससे यह सुनिश्चित किया जा सकेगा कि तकनीक का दुरुपयोग न हो और समाज में भरोसा बना रहे।
एआई इम्पैक्ट समिट 2026 को भारत के लिए एक महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है, जहां देश ने न केवल अपनी तकनीकी क्षमता का प्रदर्शन किया, बल्कि एक संतुलित और जिम्मेदार एआई मॉडल की दिशा भी दिखाई। प्रधानमंत्री द्वारा इस लेख को साझा करना इस बात का संकेत है कि सरकार एआई को केवल विकास का साधन नहीं, बल्कि मूल्यों से जुड़ी जिम्मेदार तकनीक के रूप में देख रही है।
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