Uttarakhand / Haridwar : Haridwar / भारत मौसम विज्ञान विभाग, देहरादून द्वारा जारी जनपद स्तरीय मौसम चेतावनी को देखते हुए जिला प्रशासन ने हरिद्वार में विद्यार्थियों और नागरिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एहतियाती कदम उठाए हैं। मौसम विभाग ने 12 जनवरी 2026 को प्रातः 9:30 बजे जारी सात दिवसीय पूर्वानुमान में कहा कि 13 और 14 जनवरी को जनपद के मैदानी क्षेत्रों में कहीं-कहीं घना कोहरा और शीतलहर पड़ने की संभावना है। इसी के मद्देनजर येलो अलर्ट जारी किया गया है।
छात्र-छात्राओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए जिला प्रशासन ने निर्देश दिए हैं कि 13 जनवरी 2026 को शीतकालीन अवकाश और 14 जनवरी 2026 को मकर संक्रांति अवकाश के रूप में जनपद हरिद्वार के समस्त निजी विद्यालय (नर्सरी से कक्षा 12 तक) और आंगनबाड़ी केंद्र पूर्णतः बंद रहेंगे। यह निर्णय वर्ष 2026 के लिए शिक्षा विभाग द्वारा जारी अवकाश तालिका के अनुरूप लिया गया है। अवकाश के दौरान विद्यालयों के प्रबंधन को सलाह दी गई है कि वे वैकल्पिक रूप से ऑनलाइन माध्यम से शिक्षण कार्य संचालित कर सकते हैं, ताकि छात्रों की पढ़ाई प्रभावित न हो। हालांकि, किसी भी परिस्थिति में विद्यालय परिसरों में भौतिक रूप से शिक्षण कार्य नहीं किया जाएगा।
जिला प्रशासन ने सभी तहसीलों और संबंधित विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि इस आदेश का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए। यदि कोई निजी विद्यालय या आंगनबाड़ी केंद्र आदेश की अवहेलना करता पाया जाता है, तो उसके खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम-2005 की सुसंगत धाराओं के तहत कठोर कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने अभिभावकों से भी अपील की है कि वे बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए मौसम की गंभीरता को समझें और जारी निर्देशों का पालन करें।
इस निर्णय का उद्देश्य न केवल बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है, बल्कि मौसम के प्रतिकूल प्रभावों से होने वाली किसी भी आपात स्थिति को रोकना भी है। शीतलहर और घने कोहरे के दौरान यात्रा और बाहरी गतिविधियां जोखिमपूर्ण हो सकती हैं, इसलिए प्रशासन ने पूरे जिले में सतर्कता बरतने का संदेश दिया है।
जिला अधिकारी और स्थानीय प्रशासन लगातार मौसम की स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। स्कूल और आंगनबाड़ी बंद रहने के बावजूद प्रशासन ने यह सुनिश्चित किया है कि आवश्यकतानुसार बच्चों और नागरिकों की सहायता के लिए तत्पर रहें। इस आदेश का तत्काल प्रभाव से पालन किया जाना शुरू कर दिया गया है और यह नागरिकों और अभिभावकों के लिए एक सुरक्षा उपाय के रूप में लागू है।
इस तरह, हरिद्वार जिला प्रशासन ने मौसम विभाग की चेतावनी के अनुसार छात्रों और आम जनता की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है, और सभी संबंधित पक्षों से सहयोग की अपील की है।