राष्ट्रपति मुर्मु ने IRS प्रशिक्षुओं को दी पारदर्शिता की सीख

Tue 10-Mar-2026,03:35 PM IST +05:30

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राष्ट्रपति मुर्मु ने IRS प्रशिक्षुओं को दी पारदर्शिता की सीख President-Murmu-Meets-IRS-Trainee-Officers
  • आईआरएस अधिकारियों को जटिल वित्तीय लेन-देन, अवैध सीमा पार धन प्रवाह और कॉर्पोरेट संरचनाओं की जांच में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने की सलाह दी गई।

  • राष्ट्रपति ने कहा कि प्रत्यक्ष कर प्रणाली देश के विकास, बुनियादी ढांचे, शिक्षा और सामाजिक कल्याण कार्यक्रमों के लिए स्थिर राजस्व का महत्वपूर्ण स्रोत है।

Delhi / Delhi :

Delhi/ भारतीय राजस्व सेवा (आयकर) के 79वें बैच के प्रशिक्षु अधिकारियों ने मंगलवार को Rashtrapati Bhavan में राष्ट्रपति Droupadi Murmu से मुलाकात की। इस अवसर पर राष्ट्रपति ने युवा अधिकारियों को उनके दायित्वों और देश के विकास में कर प्रशासन की महत्वपूर्ण भूमिका के बारे में विस्तार से बताया।

राष्ट्रपति ने अपने संबोधन में कहा कि प्रत्यक्ष कर प्रणाली देश की आर्थिक प्रगति का महत्वपूर्ण आधार है। यह सरकार को स्थिर राजस्व उपलब्ध कराती है, जिससे आधारभूत ढांचे, शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा और समाज कल्याण जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में निवेश किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि एक पारदर्शी और निष्पक्ष कर व्यवस्था समाज में समानता को बढ़ावा देती है और समावेशी तथा सतत विकास की नींव को मजबूत बनाती है।

राष्ट्रपति ने इस बात पर भी जोर दिया कि राजस्व सेवा की जिम्मेदारी केवल कर संग्रह तक सीमित नहीं है। आईआरएस अधिकारियों को जटिल वित्तीय लेन-देन का विश्लेषण करने, सीमा पार अवैध वित्तीय प्रवाह का पता लगाने और कॉर्पोरेट संरचनाओं से जुड़े जटिल मामलों को समझने की क्षमता विकसित करनी होती है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की विशेषज्ञता देश को विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।

उन्होंने प्रशिक्षु अधिकारियों से अपेक्षा जताई कि वे अपने निर्णयों में निष्पक्षता और व्यावसायिकता बनाए रखें। राष्ट्रपति ने कहा कि एक जिम्मेदार अधिकारी को प्रवर्तन और सुविधा प्रदान करने के बीच संतुलन बनाए रखना चाहिए। इसके साथ ही अधिकार के प्रयोग में विनम्रता और तकनीकी दक्षता के साथ मानवीय संवेदनशीलता भी जरूरी है।

राष्ट्रपति ने युवा अधिकारियों को सलाह दी कि वे अपने अधिकारों का उपयोग विवेक, संयम और संवैधानिक मूल्यों के प्रति प्रतिबद्धता के साथ करें। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक सेवा में ईमानदारी और पारदर्शिता सबसे महत्वपूर्ण गुण होते हैं।

भारतीय राजस्व सेवा (आयकर) के ये प्रशिक्षु अधिकारी फिलहाल National Academy of Direct Taxes, Nagpur में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। इस बैच में रॉयल भूटान सेवा के दो प्रशिक्षु अधिकारी भी शामिल हैं, जो कर प्रशासन के क्षेत्र में प्रशिक्षण ले रहे हैं।