संजय सरावगी का दावा, सम्राट चौधरी सरकार में सुशासन से समृद्धि की ओर बिहार
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Bihar Politics
संजय सरावगी ने सम्राट चौधरी सरकार के कामकाज और जवाबदेही को लेकर कई दावे किए।
बिहार की अर्थव्यवस्था, रोजगार, शिक्षा और शिकायत समाधान से जुड़े आंकड़े गिनाए।
13 ग्रीनफील्ड सिटी और एक करोड़ रोजगार के लक्ष्य का भी किया जिक्र।
Patna / बिहार बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने राज्य की मौजूदा सरकार की कार्यप्रणाली, विकास, शिक्षा, रोजगार और कानून व्यवस्था को लेकर कई दावे किए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में सरकार पहले की तुलना में अधिक जवाबदेह तरीके से काम कर रही है। सम्राट चौधरी ने अप्रैल 2026 में बिहार के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी और वे राज्य के पहले बीजेपी मुख्यमंत्री बने।
कार्यक्रम के दौरान सरकार के नेतृत्व में बदलाव को लेकर सवाल उठाए गए। इस पर संजय सरावगी ने कहा कि एनडीए के पांचों दल मिलकर सरकार चला रहे हैं और गठबंधन में सभी घटक एकजुट होकर काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार के नेतृत्व में शुरू हुए सुशासन को अब सम्राट चौधरी के नेतृत्व में विकास और समृद्धि की दिशा में आगे बढ़ाया जा रहा है।
आर्थिक विकास के आंकड़ों का किया जिक्र
बिहार की अर्थव्यवस्था पर चर्चा करते हुए सरावगी ने राज्य की जीडीपी और विकास दर से जुड़े आंकड़ों का उल्लेख किया। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2025-26 और 2026-27 के दौरान बिहार की जीडीपी 13 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गई है और विकास दर 14.9 प्रतिशत रही है। बिहार के 2026-27 के बजट से जुड़ी रिपोर्टिंग में भी 14.9 प्रतिशत विकास दर का अनुमान दर्ज किया गया था।
उन्होंने प्रति व्यक्ति आय का जिक्र करते हुए कहा कि बिहार में यह आंकड़ा अब करीब 74 हजार रुपये तक पहुंच गया है, जबकि 2005 में यह लगभग सात हजार रुपये था। सरावगी ने गरीबी में कमी और रोजगार के अवसरों को लेकर भी सरकार की योजनाओं का उल्लेख किया। उनके अनुसार आने वाले समय में एक करोड़ नए रोजगार के अवसर पैदा करने का लक्ष्य रखा गया है।
शिकायतों के समाधान पर जोर
सरावगी ने सरकार की जनशिकायत व्यवस्था का जिक्र करते हुए बताया कि हर महीने के पहले और तीसरे मंगलवार को सहयोग शिविर आयोजित किए जाते हैं। इन शिविरों के माध्यम से लोग अपनी शिकायतें ऑनलाइन दर्ज करा सकते हैं। उन्होंने दावा किया कि शिकायतों के समाधान के लिए समयसीमा तय की गई है और लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई का प्रावधान है।
शिक्षा क्षेत्र में योजनाओं का उल्लेख
शिक्षा को लेकर उन्होंने कहा कि राज्य के प्रखंडों में विद्या निकेतन जैसी व्यवस्थाएं शुरू की गई हैं, जहां विद्यार्थियों की पढ़ाई से जुड़ी समस्याओं के समाधान के लिए ऑनलाइन सहायता उपलब्ध कराई जाती है। उन्होंने डिग्री कॉलेजों की संख्या बढ़ाने और शिक्षकों की भर्ती का भी दावा किया। छात्रों और शिक्षकों के लिए अलग-अलग शिकायत पोर्टल शुरू किए जाने की बात भी उन्होंने कही।
ग्रीनफील्ड सिटी और कानून व्यवस्था
सरावगी ने शहरी विकास के संदर्भ में मिथिला, पाटलिपुत्र और अंग समेत 13 ग्रीनफील्ड सिटी विकसित करने की योजना का उल्लेख किया। उनके मुताबिक इसका उद्देश्य बिहार में योजनाबद्ध शहरीकरण और बुनियादी ढांचे को बढ़ावा देना है।
कानून व्यवस्था के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि पुलिस और प्रशासन की ओर से इस संबंध में आंकड़े सार्वजनिक किए गए हैं। उन्होंने सरकार के प्रयासों का उल्लेख करते हुए कानून व्यवस्था को लेकर किए जा रहे कदमों की जानकारी दी।
कार्यक्रम में संजय सरावगी ने नीतीश कुमार के दौर की प्रशासनिक व्यवस्था और मौजूदा सरकार के बीच निरंतरता पर भी बात की। उन्होंने कहा कि एनडीए के सभी घटक दल मिलकर सरकार चला रहे हैं और विकास, शिक्षा, रोजगार, प्रशासनिक जवाबदेही तथा कानून व्यवस्था से जुड़े मुद्दों पर काम जारी है।