MP भाजपा में बवाल, महिला नेता ने लगाए धमकी और मारपीट के गंभीर आरोप

Tue 14-Apr-2026,01:06 PM IST +05:30

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MP भाजपा में बवाल, महिला नेता ने लगाए धमकी और मारपीट के गंभीर आरोप MP-BJP-Leader-Threat-Allegations-Dhar
  • धार जिले में भाजपा मंडल अध्यक्ष ने अपनी ही पार्टी के नेताओं पर धमकी, मारपीट और मानसिक प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाते हुए पुलिस से सुरक्षा की मांग की।

  • मामले के सामने आने के बाद भाजपा संगठन में हलचल बढ़ी, जबकि पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और आगे की कार्रवाई पर सबकी नजरें टिकी हैं।

Madhya Pradesh / Dhar :

धार/ मध्य प्रदेश के धार जिले से भाजपा संगठन के भीतर विवाद और गंभीर आरोपों का मामला सामने आया है। Asha Sharma, जो सरदारपुर तहसील के लाबरिया-राजोद क्षेत्र की मंडल अध्यक्ष हैं, ने अपनी ही पार्टी के नेताओं पर जान से मारने की धमकी, मारपीट और मानसिक प्रताड़ना के आरोप लगाए हैं। मामला इतना गंभीर हो गया कि उन्हें सुरक्षा की मांग को लेकर पुलिस अधीक्षक कार्यालय का रुख करना पड़ा।

आशा शर्मा ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक Parul Belapurkar को दिए आवेदन में बताया कि वे और उनके पति पिछले दो वर्षों से भय के माहौल में जी रहे हैं। उन्होंने Bharatiya Janata Party से जुड़े Jaysurya और Deepak पर लगातार धमकी देने के आरोप लगाए हैं।

शिकायत के अनुसार, विवाद की शुरुआत एक सोशल मीडिया पोस्ट के बाद हुई। इसके बाद आरोपियों ने कथित रूप से उनके घर में घुसकर मारपीट की और फोन के जरिए जान से मारने की धमकियां दीं। लगातार मिल रही धमकियों के चलते उन्हें अपना गांव छोड़कर दूसरे स्थानों पर रहना पड़ रहा है।

आशा शर्मा ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि उन्होंने पहले भी राजोद थाने और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को शिकायत दी, लेकिन आरोपियों के प्रभाव के कारण कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।

उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर गिरफ्तारी नहीं की गई, तो वे एसपी कार्यालय के बाहर धरना देने को मजबूर होंगी।

इस मामले ने भाजपा संगठन में हलचल मचा दी है। जब इस संबंध में भाजपा जिला अध्यक्ष Nilesh Bharti से सवाल किया गया, तो उन्होंने कहा कि मामले की जांच कराई जाएगी। वहीं, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने भी मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के निर्देश दिए हैं।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यदि आरोप सही साबित होते हैं, तो यह मामला संगठन की छवि पर असर डाल सकता है। फिलहाल सभी की नजरें पुलिस जांच और आगामी कार्रवाई पर टिकी हैं।