छत्तीसगढ़ में 15 फोरलेन सड़कों के लिए ₹708 करोड़ मंजूर, विकास को गति

Thu 09-Apr-2026,12:30 PM IST +05:30

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छत्तीसगढ़ में 15 फोरलेन सड़कों के लिए ₹708 करोड़ मंजूर, विकास को गति Chhattisgarh-Four-Lane-Road-Project-708-Crore
  • दुर्ग, रायगढ़, रायपुर, बिलासपुर, जशपुर सहित कई जिलों में सड़क चौड़ीकरण और बायपास निर्माण से यातायात सुगम होगा।

  • छत्तीसगढ़ में 708 करोड़ रुपये की लागत से 15 फोरलेन सड़कों का निर्माण, 90.5 किलोमीटर सड़क नेटवर्क विकसित किया जाएगा।

Chhattisgarh / Raipur :

Raipur/ छत्तीसगढ़ सरकार ने सड़क इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए 15 नई फोरलेन सड़कों के निर्माण के लिए 708 करोड़ 21 लाख 35 हजार रुपये की मंजूरी दी है। लोक निर्माण विभाग (PWD) द्वारा स्वीकृत इस परियोजना के तहत कुल 90.5 किलोमीटर लंबी सड़कों का निर्माण और उन्नयन किया जाएगा।

इस महत्वाकांक्षी योजना के अंतर्गत दुर्ग, रायगढ़, रायपुर, बिलासपुर, जशपुर, कबीरधाम और अंबिकापुर जैसे प्रमुख जिलों में सड़क नेटवर्क को बेहतर बनाया जाएगा। दुर्ग जिले में स्मृति नगर से आईआईटी जेवरा सिरसा मार्ग और मिनी माता चौक से महाराजा चौक तक सड़क चौड़ीकरण के लिए विशेष बजट आवंटित किया गया है, जिससे स्थानीय यातायात को बड़ी राहत मिलेगी।

रायगढ़ जिले में सड़क विकास को प्राथमिकता देते हुए कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है। इनमें ढिमरापुर से कोतरा चौक, रायगढ़-नंदेली मार्ग और तमनार बायपास प्रमुख हैं। खासतौर पर तमनार फोरलेन बायपास के लिए 152 करोड़ रुपये से अधिक की राशि स्वीकृत की गई है, जो क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मजबूत करेगा।

राजधानी रायपुर में अभनपुर-एनएच 30 मार्ग के उन्नयन के साथ राजिम क्षेत्र में नई फोरलेन सड़क का निर्माण किया जाएगा। इसके अलावा अंबिकापुर, बिलासपुर और कोटा-लोरमी-पंडरिया मार्ग को भी इस परियोजना में शामिल किया गया है। जशपुर जिले में भी तीन प्रमुख सड़कों को फोरलेन में अपग्रेड किया जाएगा।

इन सड़कों के निर्माण से ट्रैफिक जाम की समस्या कम होगी, यात्रा का समय घटेगा और परिवहन अधिक सुरक्षित होगा। साथ ही व्यापार, कृषि, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच आसान होने से राज्य के समग्र विकास को गति मिलेगी।

डिप्टी सीएम अरुण साव ने कहा कि सरकार का लक्ष्य प्रदेश में सुरक्षित और बेहतर आवागमन सुनिश्चित करना है। उन्होंने बताया कि यह परियोजना राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूती देगी और ग्रामीण-शहरी कनेक्टिविटी को बेहतर बनाएगी।