खामेनेई का बड़ा बयान: ईरान ने अमेरिका-इजरायल की साजिश को किया नाकाम

Sun 18-Jan-2026,04:41 PM IST +05:30

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खामेनेई का बड़ा बयान: ईरान ने अमेरिका-इजरायल की साजिश को किया नाकाम Iran Supreme Leader Ayatollah Khamenei Statement,
  • खामेनेई ने अमेरिका और इजरायल पर साजिश का आरोप लगाया.

  • ट्रंप को ईरान में हिंसा के लिए जिम्मेदार बताया.

  • विरोध प्रदर्शनों के बाद ईरान में हालात सुधरने लगे.

Tehran Province / Tehran :

Iran / ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई ने एक बार फिर अमेरिका और इजरायल पर तीखा हमला बोला है। एक धार्मिक अवसर पर दिए गए अपने भाषण में उन्होंने कहा कि ईरान ने वॉशिंगटन और तेल अवीव की ओर से रची गई साजिश को नाकाम कर दिया है। खामेनेई का दावा है कि अमेरिका ईरान में अशांति फैलाकर देश को अपने नियंत्रण में लेने की कोशिश कर रहा था, लेकिन ईरानी जनता और व्यवस्था ने मिलकर इस साजिश को पूरी तरह खत्म कर दिया।

न्यूज एजेंसी सिन्हुआ के मुताबिक, खामेनेई ने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को ईरान में हाल के दंगों के दौरान हुई हत्याओं और तबाही के लिए सीधे तौर पर जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने ट्रंप को “अपराधी” बताते हुए कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति ने खुले मंचों से दंगाइयों का समर्थन किया, भड़काऊ बयान दिए और यहां तक कि सैन्य मदद देने की बात भी कही। खामेनेई ने कहा कि ऐसे बयान किसी भी संप्रभु देश के खिलाफ खुली साजिश माने जाते हैं।

अपने संबोधन में खामेनेई ने यह भी साफ किया कि ईरान युद्ध नहीं चाहता, लेकिन देश के भीतर या बाहर से अशांति फैलाने वालों को सजा देने से पीछे नहीं हटेगा। उन्होंने कहा कि ईरान शांति में विश्वास करता है, लेकिन अपनी संप्रभुता और सुरक्षा से किसी भी तरह का समझौता नहीं करेगा।

यह बयान ऐसे समय में आया है, जब ईरान में बीते कई हफ्तों से चल रहे विरोध प्रदर्शन अब धीरे-धीरे थमते नजर आ रहे हैं। ये प्रदर्शन दिसंबर के अंत में आर्थिक समस्याओं और महंगाई को लेकर शुरू हुए थे, लेकिन बाद में कई जगहों पर हिंसक हो गए। ईरानी अधिकारियों का कहना है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शनों को असामाजिक और विदेशी तत्वों ने हिंसा में बदल दिया।

अर्ध-सरकारी तस्नीम समाचार एजेंसी के अनुसार, सुरक्षा बलों ने अब तक करीब 3,000 लोगों को हिरासत में लिया है। हालात में सुधार के बाद सरकार ने मोबाइल संदेश सेवा बहाल कर दी है और एक सप्ताह बाद स्कूलों को फिर से खोलने का फैसला लिया गया है।

इसी बीच लेबनान के हिज़्बुल्लाह ने भी ईरान के समर्थन का ऐलान किया है। हिज़्बुल्लाह नेता नईम कासिम ने एक टीवी संबोधन में ईरान को “प्रतिरोध की मजबूत ताकत” बताया और अमेरिका पर दुनिया पर प्रभुत्व जमाने की कोशिश करने का आरोप लगाया। उधर, ईरान के विदेश मंत्रालय ने जी-सेवन देशों की टिप्पणियों को आंतरिक मामलों में दखल बताते हुए कड़ी निंदा की और ऐसे बयानों से बचने की चेतावनी दी है।