Sudan Border Drone Strike Inferno: बाजार में 73 लोगों की मौत का दावा, किसने किया हमला?
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Sudan Border Drone Strike Inferno
अबेई क्षेत्र के बाजार पर ड्रोन हमले में 73 लोगों की मौत का दावा।
19 लोग घायल, एमएसएफ अस्पताल में 20 से अधिक घायलों का इलाज।
सूडान की सेना पर आरोप, लेकिन जिम्मेदारी की स्वतंत्र पुष्टि बाकी।
एक बाजार, अचानक आसमान से आते ड्रोन और फिर चारों तरफ चीख-पुकार! अफ्रीका के एक विवादित इलाके में हुए इस हमले ने पूरी दुनिया का ध्यान खींचा है। 73 लोगों की मौत का दावा किया गया है। लेकिन इस हमले के पीछे कौन है और आखिर निशाना कौन बना?
अफ्रीका में सूडान और दक्षिण सूडान की सीमा पर स्थित विवादित अबेई क्षेत्र से एक बेहद चिंताजनक खबर सामने आई है। यहां एक बाजार पर ड्रोन से हमला किए जाने के बाद कम से कम 73 लोगों की मौत होने का दावा किया गया है, जबकि 19 अन्य लोग घायल बताए जा रहे हैं। इस हमले के लिए सूडान की सेना पर आरोप लगाया गया है, हालांकि इस आरोप की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
समाचार एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक, अबेई क्षेत्र के कार्यवाहक सूचना मंत्री योहाना अकोल न्गोर ने मंगलवार को बताया कि सोमवार को हुए हमले में बड़ी संख्या में लोगों की जान गई। उन्होंने आरोप लगाया कि सूडानी सशस्त्र बलों ने ड्रोन का इस्तेमाल करते हुए हमला किया। हालांकि, मंत्री ने अपने आरोप के समर्थन में कोई सबूत सार्वजनिक नहीं किया है। इसलिए हमले के लिए जिम्मेदार पक्ष की पुष्टि होना अभी बाकी है।
दरअसल, अबेई एक तेल-समृद्ध क्षेत्र है, जिस पर सूडान और दक्षिण सूडान दोनों अपना दावा करते हैं। यह इलाका संयुक्त प्रशासन के तहत आता है और यहां लंबे समय से तनाव बना हुआ है। क्षेत्र में अक्सर हिंसक घटनाएं होती रहती हैं, जिनमें प्रतिद्वंद्वी जातीय समूहों और सशस्त्र मिलिशिया के बीच संघर्ष भी शामिल हैं।
इस घटना पर दक्षिण सूडान के विदेश मंत्रालय ने भी चिंता जताई है। मंत्रालय के मुताबिक, ड्रोन ने अबेई शहर के उत्तर में स्थित एक बाजार को निशाना बनाया। हालांकि, मंत्रालय ने अपने शुरुआती बयान में नागरिकों की मौत की संख्या स्पष्ट नहीं की। दक्षिण सूडान सरकार ने सूडान के राजदूत को तलब कर हमले पर कड़ा विरोध दर्ज कराया और नागरिकों की सुरक्षा तथा क्षेत्र की स्थिरता को लेकर चिंता व्यक्त की।
वहीं, घायलों के इलाज में जुटी अंतरराष्ट्रीय चिकित्सा संस्था Médecins Sans Frontières, जिसे एमएसएफ के नाम से जाना जाता है, ने बताया कि वह पास के अमेथ बेक अस्पताल में 20 से अधिक घायलों का इलाज कर रही है। संस्था के चिकित्सा गतिविधि प्रबंधक क्रिश्चियन लिंडाउर के अनुसार, घायलों में कई की हालत गंभीर है। कुछ मरीजों को जलने की चोटें भी आई हैं। अस्पताल में सर्जरी, घावों की मरहम-पट्टी और आपातकालीन चिकित्सा सेवाएं दी जा रही हैं।
गौरतलब है कि सूडान में अप्रैल 2023 से सूडानी सशस्त्र बलों और अर्धसैनिक संगठन रैपिड सपोर्ट फोर्सेज के बीच युद्ध जारी है। इस संघर्ष में स्थानीय सशस्त्र समूह और विदेशी ताकतें भी शामिल हुई हैं। युद्ध ने देश के बड़े हिस्से को तबाह कर दिया है और संयुक्त राष्ट्र इसे दुनिया के सबसे गंभीर मानवीय संकटों में से एक बता चुका है।
फिलहाल, अबेई में हुए ड्रोन हमले की जिम्मेदारी और परिस्थितियों को लेकर स्वतंत्र पुष्टि का इंतजार है। सबसे बड़ा सवाल यही है कि इस हिंसा के बीच आम नागरिकों की सुरक्षा कैसे सुनिश्चित की जाएगी।