Indonesia Fuel Crisis | इंडोनेशिया में ईंधन संकट! पेट्रोल सप्लाई के लिए भारत और चीन से मांगेगा मदद?

Mon 26-Oct-2026,02:36 PM IST +05:30

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Indonesia Fuel Crisis | इंडोनेशिया में ईंधन संकट! पेट्रोल सप्लाई के लिए भारत और चीन से मांगेगा मदद? Indonesia Fuel Crisis
  • इंडोनेशिया पेट्रोल सप्लाई बढ़ाने के लिए दोनों देशों से बातचीत करेगा।

  • सरकारी एजेंसी लेमिगास के जरिए ईंधन आयात बढ़ाने की योजना है।

  • कई प्रांतों में सप्लाई बाधित होने और लंबी कतारों की सूचना मिली है।

Jakarta / Jakarta :

Indonesia / मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच ईंधन की सप्लाई को लेकर कई देशों की चिंता बढ़ रही है। अब इंडोनेशिया ने पेट्रोल की उपलब्धता बनाए रखने के लिए भारत और चीन से संपर्क करने की तैयारी की है। आखिर इस फैसले के पीछे क्या वजह है?

इंडोनेशिया में ईंधन की आपूर्ति को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच सरकार ने वैकल्पिक स्रोतों से पेट्रोल हासिल करने की तैयारी शुरू कर दी है। इंडोनेशिया के ऊर्जा मंत्री बहलिल लाहादालिया ने सोमवार को बताया कि वह इसी सप्ताह विदेश यात्रा पर जाएंगे। इस यात्रा में चीन और भारत भी शामिल होंगे। उनका उद्देश्य देश के लिए पेट्रोल की अतिरिक्त आपूर्ति सुनिश्चित करना है।

टेंडर प्रक्रिया से बचने के लिए नई व्यवस्था
ऊर्जा मंत्री के मुताबिक, इंडोनेशिया सरकार ईंधन आयात बढ़ाने के लिए सरकारी एजेंसी लेमिगास (Lemigas) का इस्तेमाल करेगी। यह एजेंसी आयात किए गए ईंधन की आपूर्ति सरकारी ऊर्जा कंपनी पर्टामिना (Pertamina) को करेगी।

इस व्यवस्था का उद्देश्य पारंपरिक निविदा यानी टेंडर प्रक्रिया में लगने वाले लंबे समय को कम करना है, ताकि जरूरत के समय ईंधन की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए तेजी से कदम उठाए जा सकें।

बहलिल ने बताया कि हाल ही में लागू एक नियम के तहत सार्वजनिक सेवा एजेंसी को कच्चा तेल, ईंधन और एलपीजी आयात करने की अनुमति है, बशर्ते आयात विदेशी देशों या आपूर्तिकर्ताओं के साथ इंडोनेशियाई सरकार के समझौतों पर आधारित हो।

हालांकि, मंत्री ने यह स्पष्ट नहीं किया कि भारत, चीन या अन्य वैकल्पिक स्रोतों से कितनी मात्रा में ईंधन आयात किया जाएगा।

मध्य पूर्व के तनाव ने बढ़ाई चिंता
इंडोनेशिया के ऊर्जा मंत्री ने कहा कि मध्य पूर्व में जारी तनाव कितने समय तक बना रहेगा, इसका अनुमान लगाना मुश्किल है। उनके अनुसार, राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो ने सरकार को ऊर्जा आपूर्ति के वैकल्पिक रास्ते तलाशने के निर्देश दिए हैं।

इसका उद्देश्य किसी एक क्षेत्र या आपूर्ति मार्ग पर निर्भरता के जोखिम को कम करना और देश में ईंधन की उपलब्धता बनाए रखना है। भारत और चीन जैसे देशों से संपर्क इसी रणनीति का हिस्सा है।

कई प्रांतों में ईंधन आपूर्ति प्रभावित
इंडोनेशिया के लोकपाल ने इसी महीने बताया था कि देश के कई प्रांतों में ईंधन आपूर्ति में रुकावट की शिकायतें सामने आई हैं। प्रभावित क्षेत्रों में बाली, उत्तर सुलावेसी, पश्चिम सुलावेसी, दक्षिण-पूर्व सुलावेसी, पश्चिम पापुआ और पश्चिम कालीमंतन शामिल हैं।

रिपोर्ट के अनुसार, कुछ स्थानों पर पेट्रोल पंपों पर वाहनों की कतारें लगभग एक किलोमीटर तक लंबी हो गई थीं। इससे स्थानीय लोगों को ईंधन लेने के लिए इंतजार करना पड़ा और आपूर्ति व्यवस्था पर दबाव बढ़ा।

भारत के लिए क्या है इसका महत्व?
इंडोनेशिया की प्रस्तावित यात्रा भारत और चीन के साथ ऊर्जा व्यापार में संभावित सहयोग को लेकर महत्वपूर्ण है। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि भारत से कितनी मात्रा में ईंधन खरीदा जाएगा या किसी विशेष समझौते पर हस्ताक्षर होंगे या नहीं।

फिलहाल, इंडोनेशिया सरकार का ध्यान वैकल्पिक आपूर्ति स्रोत खोजने और घरेलू बाजार में ईंधन की उपलब्धता बनाए रखने पर है। आने वाले दिनों में ऊर्जा मंत्री की यात्रा से इस रणनीति को लेकर और जानकारी सामने आ सकती है।