ट्रंप का दावा- ईरान चाहता है बातचीत, दोहा बैठक पर तेहरान ने किया इनकार

Mon 29-Jun-2026,06:21 PM IST +05:30

ताजा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे Whatsapp Channel को Join करें |

Follow Us

ट्रंप का दावा- ईरान चाहता है बातचीत, दोहा बैठक पर तेहरान ने किया इनकार Iran US Talks
  • ट्रंप ने दावा किया कि ईरान ने अमेरिका के साथ बैठक का अनुरोध किया है।

  • ईरान ने दोहा में किसी आधिकारिक बैठक की पुष्टि नहीं की।

  • होर्मुज जलडमरूमध्य और क्षेत्रीय तनाव वार्ता के प्रमुख मुद्दे हो सकते हैं।

Tehran Province / Tehran :

Iran / अमेरिका और ईरान के बीच एक बार फिर बातचीत की संभावनाओं को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को सोशल मीडिया पर दावा किया कि ईरान ने अमेरिका के साथ बैठक का अनुरोध किया है और यह बैठक मंगलवार को कतर की राजधानी दोहा में हो सकती है। हालांकि, ईरान ने इस दावे को खारिज करते हुए कहा है कि ऐसी किसी बैठक की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

इससे पहले अमेरिकी प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने भी संकेत दिए थे कि दोनों देशों के प्रतिनिधि कतर में मुलाकात कर सकते हैं। बताया जा रहा है कि संभावित वार्ता का मुख्य विषय होर्मुज जलडमरूमध्य में बढ़ता तनाव और समुद्री सुरक्षा होगा। हाल के दिनों में इस रणनीतिक जलमार्ग में तनाव बढ़ने से वैश्विक तेल बाजार और अंतरराष्ट्रीय व्यापार पर असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।

सूत्रों के अनुसार, अमेरिका और ईरान दोनों ही फिलहाल सैन्य टकराव से बचने के पक्ष में दिखाई दे रहे हैं। दोनों देशों के बीच जारी अस्थायी समझौते को बनाए रखने की कोशिशें भी जारी हैं, ताकि जहाजों की आवाजाही सामान्य बनी रहे और तेल आपूर्ति प्रभावित न हो। यदि तनाव बढ़ता है तो इसका असर वैश्विक अर्थव्यवस्था और तेल की कीमतों पर पड़ सकता है।

इसी बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने संकेत दिया है कि कतर में जमा छह अरब डॉलर की राशि जारी की जा सकती है। उनके इस बयान को भी दोनों देशों के बीच संवाद की संभावनाओं से जोड़कर देखा जा रहा है।

पाकिस्तान ने भी इस मामले में मध्यस्थ की भूमिका निभाने की बात कही है। पाकिस्तान का कहना है कि वार्ता फिर से शुरू हो सकती है, जबकि अमेरिकी प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि तकनीकी स्तर की बातचीत अभी भी तय कार्यक्रम के अनुसार हो सकती है। दूसरी ओर, ईरान के वरिष्ठ वार्ताकार काजेम गरीबाबादी ने कहा कि दोहा में किसी औपचारिक बैठक की पुष्टि नहीं हुई है और फिलहाल केवल सामान्य कूटनीतिक संपर्क जारी हैं।

विशेषज्ञों के अनुसार, तकनीकी वार्ता किसी भी बड़े समझौते की नींव होती है। इसमें दोनों देशों के अधिकारी संभावित समझौतों की शर्तों और प्रक्रियाओं पर चर्चा करते हैं। यदि ऐसी बातचीत सफल रहती है, तो भविष्य में दोनों देशों के शीर्ष नेताओं के बीच औपचारिक वार्ता का रास्ता खुल सकता है। फिलहाल दुनिया की नजरें दोहा पर टिकी हैं, जहां अमेरिका और ईरान के रिश्तों में नई दिशा मिलने की संभावना देखी जा रही है।