SIMBEX-2026 संपन्न: भारत-सिंगापुर नौसेना का बड़ा समुद्री अभ्यास

Wed 28-Oct-2026,12:00 AM IST +05:30

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SIMBEX-2026 संपन्न: भारत-सिंगापुर नौसेना का बड़ा समुद्री अभ्यास SIMBEX-2026
  • भारत और सिंगापुर की नौसेनाओं के बीच अभ्यास का 33वां संस्करण पूरा हुआ।

  • INS नीलगिरि, INS कमोर्ता और RSS सुप्रीम सहित कई जहाज व विमान शामिल हुए।

  • अभ्यास से परिचालन समन्वय और संयुक्त रूप से कार्य करने की क्षमता को मजबूती मिली।

Delhi / New Delhi :

New Delhi / हिंद महासागर में समुद्री सुरक्षा को लेकर भारत और सिंगापुर ने अपनी साझेदारी को एक बार फिर मजबूत किया है। आखिर इस संयुक्त अभ्यास में कौन-कौन से युद्धपोत, विमान और आधुनिक युद्ध क्षमताएं शामिल हुईं, और इससे क्षेत्रीय सुरक्षा को क्या मजबूती मिलेगी?

भारत और सिंगापुर की नौसेनाओं के बीच आयोजित समुद्री द्विपक्षीय अभ्यास ‘सिम्बेक्स-2026’ का 33वां संस्करण 26 अक्टूबर 2026 को विशाखापत्तनम में संपन्न हो गया। इस अभ्यास का उद्देश्य दोनों देशों की नौसेनाओं के बीच लंबे समय से चले आ रहे समुद्री सहयोग, परिचालन समन्वय और पेशेवर संबंधों को और मजबूत करना था।

इस अभ्यास के दौरान दोनों देशों के नौसैनिक अधिकारियों ने समुद्री सुरक्षा और आपसी सहयोग से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की। सिंगापुर गणराज्य की नौसेना के फ्लीट कमांडर कर्नल बर्ट्राम एंग ने भारतीय नौसेना के पूर्वी बेड़े के फ्लैग ऑफिसर कमांडिंग, रियर एडमिरल विशाल बिश्नोई से मुलाकात की। इस बैठक में पेशेवर विचारों का आदान-प्रदान हुआ और भविष्य में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा की गई।

दो चरणों में हुआ समुद्री अभ्यास
‘सिम्बेक्स-2026’ का आयोजन दो चरणों में किया गया। पहले यानी बंदरगाह चरण में विशेषज्ञों की बैठकें, एक-दूसरे के जहाजों का दौरा, पेशेवर बातचीत, खेल प्रतियोगिताएं और संयुक्त योजना से जुड़ी गतिविधियां आयोजित की गईं। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य दोनों नौसेनाओं के बीच आपसी समझ और परिचालन संबंधी जानकारी साझा करने को बढ़ावा देना था।

इसके बाद बंगाल की खाड़ी में समुद्री चरण आयोजित हुआ। इसमें समुद्री अवरोध अभियान, पनडुब्बी-रोधी युद्ध अभ्यास और हवाई तथा सतह से आने वाले खतरों से निपटने की गतिविधियां शामिल रहीं। इसके अलावा समुद्री कौशल का प्रदर्शन और एक-दूसरे के जहाजों से विमान संचालन भी किया गया। इन गतिविधियों से दोनों नौसेनाओं के बीच संयुक्त रूप से काम करने की क्षमता को मजबूती मिली।

आधुनिक युद्धपोत और विमान हुए शामिल
इस अभ्यास में सिंगापुर की नौसेना का ‘आरएसएस सुप्रीम’ शामिल हुआ, जो फॉर्मिडेबल श्रेणी का स्टील्थ फ्रिगेट है। इस पर एसएच-70बी हेलीकॉप्टर भी तैनात था।

भारतीय नौसेना की ओर से स्वदेशी स्टील्थ फ्रिगेट ‘आईएनएस नीलगिरि’ और पनडुब्बी-रोधी युद्ध क्षमता वाला ‘आईएनएस कमोर्ता’ शामिल हुए। इनके साथ पी-8आई और डोर्नियर समुद्री गश्ती विमान, हॉक उन्नत जेट प्रशिक्षक विमान तथा एमएच-60आर हेलीकॉप्टर ने भी भाग लिया।

कुल मिलाकर, सिम्बेक्स-2026 ने भारत और सिंगापुर के बीच समुद्री साझेदारी को नई मजबूती दी है। यह अभ्यास हिंद महासागर क्षेत्र में समुद्री सुरक्षा, क्षेत्रीय स्थिरता और दोनों देशों के बीच बेहतर परिचालन समन्वय की साझा प्रतिबद्धता को दर्शाता है।