डोडा सड़क हादसा: सेना का कैस्पर वाहन खाई में गिरा

Thu 22-Jan-2026,04:49 PM IST +05:30

ताजा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे Whatsapp Channel को Join करें |

Follow Us

डोडा सड़क हादसा: सेना का कैस्पर वाहन खाई में गिरा Doda-Army-Vehicle-Accident-10-Soldiers-Killed
  • डोडा जिले के खन्नीटॉप में सेना का कैस्पर वाहन अनियंत्रित होकर खाई में गिरा, हादसे में 10 जवानों की दर्दनाक मौत।

  • भद्रवाह-चंबा रोड की खराब हालत और दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र ने रेस्क्यू ऑपरेशन को बेहद चुनौतीपूर्ण बना दिया।

Jammu and Kashmir / Jammu :

Jammu/ जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले से 22 जनवरी 2026 को एक बेहद दुखद और झकझोर देने वाली खबर सामने आई है। खन्नीटॉप क्षेत्र में सेना के जवानों को ले जा रहा कैस्पर वाहन अनियंत्रित होकर गहरी खाई में गिर गया। इस भीषण सड़क हादसे में देश के लिए ड्यूटी पर तैनात 10 जवानों की जान चली गई, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। यह हादसा एक बार फिर पहाड़ी इलाकों में सैन्य आवाजाही की चुनौतियों को उजागर करता है।

कैसे हुआ हादसा

जानकारी के अनुसार, सेना का कैस्पर वाहन भद्रवाह–चंबा रोड से गुजर रहा था। यह सड़क पहले से ही संकरी, घुमावदार और जर्जर हालत में बताई जा रही है। दोपहर के समय अचानक वाहन चालक का नियंत्रण बिगड़ गया, जिससे वाहन करीब 200 फीट गहरी खाई में जा गिरा। वाहन में कुल 17 जवान सवार थे। हादसे की आवाज सुनते ही आसपास के लोगों और सुरक्षाबलों में अफरा-तफरी मच गई।

रेस्क्यू ऑपरेशन में आई चुनौतियां

दुर्घटना की सूचना मिलते ही सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस और स्थानीय प्रशासन की संयुक्त टीमें मौके पर पहुंचीं। दुर्गम पहाड़ी इलाका, खराब सड़क और गहरी खाई होने के कारण राहत एवं बचाव कार्य बेहद चुनौतीपूर्ण रहा। इसके बावजूद जवानों को खाई से बाहर निकालने का अभियान तेजी से चलाया गया। घायलों को तुरंत नजदीकी मेडिकल कैंप पहुंचाया गया, जबकि गंभीर रूप से घायल तीन जवानों को उधमपुर स्थित सेना अस्पताल रेफर किया गया है।

सुरक्षा व्यवस्था और जांच

हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। सेना के वरिष्ठ अधिकारी घटनास्थल पर मौजूद हैं और हालात पर नजर बनाए हुए हैं। प्रारंभिक तौर पर सड़क की खराब स्थिति और तकनीकी कारणों को हादसे की वजह माना जा रहा है, हालांकि विस्तृत जांच के आदेश दे दिए गए हैं। सड़क की गुणवत्ता और वाहन की तकनीकी स्थिति भी जांच के दायरे में है।

पहले भी हो चुके हैं ऐसे हादसे

जम्मू-कश्मीर के पहाड़ी इलाकों में सेना के वाहनों के साथ इस तरह की दुर्घटनाएं पहले भी सामने आती रही हैं। मई 2025 में रामबन जिले के बैटरी चश्मा क्षेत्र में सेना का वाहन गहरी खाई में गिरा था, जिसमें तीन जवान शहीद हुए थे। वहीं दिसंबर 2025 में पुंछ जिले में 11 मराठा रेजिमेंट के जवानों से भरी वैन हादसे का शिकार हुई थी, जिसमें पांच जवानों की जान चली गई थी। इन घटनाओं ने पहाड़ी सड़कों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।