सत्य निकेतन हादसे के बाद MCD का एक्शन, 3 महीने में 959 अवैध निर्माण पर कार्रवाई
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Delhi Illegal Construction
MCD ने तीन महीनों में 959 संपत्तियों पर डिमोलिशन की कार्रवाई की।
1 जून से 8 सितंबर तक 471 संपत्तियां सील की गईं।
सत्य निकेतन हादसे के बाद करीब 1,100 PG का सर्वे किया गया।
New Delhi / दिल्ली में अवैध निर्माण के खिलाफ नगर निगम (MCD) की कार्रवाई तेज हो गई है। राजधानी के सत्य निकेतन में 6 सितंबर को हुए बिल्डिंग हादसे के बाद निगम ने अवैध निर्माण और नियमों के उल्लंघन के खिलाफ अभियान और तेज कर दिया है। MCD की ओर से जारी एक्शन टेकन रिपोर्ट (ATR) के मुताबिक, पिछले तीन महीनों में सैकड़ों संपत्तियों पर डिमोलिशन और सीलिंग की कार्रवाई की गई है।
रिपोर्ट के अनुसार, 1 जून से 31 अगस्त के बीच दिल्ली में 959 संपत्तियों पर डिमोलिशन की कार्रवाई की गई। वहीं, 1 जून से 8 सितंबर के बीच 471 संपत्तियों को सील किया गया है। इसी अवधि में अनधिकृत निर्माण से जुड़े मामलों में MCD ने 1,551 UC यानी Unauthorized Construction शो-कॉज नोटिस जारी किए। इसके अलावा निगम की ओर से 753 डिमोलिशन ऑर्डर भी जारी किए गए हैं।
8 सितंबर को 17 संपत्तियों पर कार्रवाई
MCD की कार्रवाई 8 सितंबर को भी जारी रही। निगम की रिपोर्ट के मुताबिक, एक ही दिन में 17 संपत्तियों पर डिमोलिशन की कार्रवाई की गई, जबकि पांच संपत्तियों को सील किया गया। इस दौरान अनधिकृत निर्माण से जुड़े नौ शो-कॉज नोटिस और सीलिंग से संबंधित दो शो-कॉज नोटिस भी जारी किए गए।
निगम के आंकड़ों से साफ है कि राजधानी में अवैध और अनधिकृत निर्माण के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी है। हालांकि, सत्य निकेतन हादसे के बाद इस अभियान ने और रफ्तार पकड़ी है। हादसे ने खास तौर पर पीजी और किराये की इमारतों में सुरक्षा मानकों और निर्माण नियमों के पालन को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
दो दिनों में करीब 1100 PG का सर्वे
सत्य निकेतन हादसे के बाद MCD ने राजधानी में पीजी और अन्य इमारतों की जांच शुरू की है। निगम के मुताबिक, पिछले दो दिनों में करीब 1,100 PG का सर्वे किया गया। इन पीजी में लगभग 20,250 छात्र रहते हैं।
सर्वे के दौरान जहां निर्माण नियमों और अन्य निर्धारित मानकों का उल्लंघन पाया गया, वहां कार्रवाई की गई। पिछले दो दिनों में ही 24 संपत्तियों पर डिमोलिशन की कार्रवाई हुई, जबकि सात संपत्तियों को सील किया गया। इसके अलावा अलग-अलग मामलों में 35 शो-कॉज नोटिस जारी किए गए। निगम ने छह सीलिंग शो-कॉज नोटिस और 27 डिमोलिशन ऑर्डर भी जारी किए।
सत्य निकेतन में बगल की इमारत भी गिराई जा रही
इस बीच, सत्य निकेतन में 6 सितंबर को गिरी इमारत से सटी दूसरी बिल्डिंग को गिराने का काम भी शुरू कर दिया गया है। हादसे के बाद इस इमारत की मजबूती को लेकर चिंता जताई गई थी।
MCD कमिश्नर संजीव खिरवार के मुताबिक, हादसे वाली इमारत से सटी बिल्डिंग कमजोर हो गई थी। ऐसे में किसी और जोखिम को रोकने के लिए इसे सावधानी और चरणबद्ध तरीके से गिराने का फैसला लिया गया।
सत्य निकेतन हादसे के बाद MCD का फोकस अब राजधानी में पीजी और इमारतों की सुरक्षा जांच पर है। निगम यह पता लगाने में जुटा है कि संबंधित संपत्तियों में निर्माण और संचालन के दौरान निर्धारित नियमों का पालन किया जा रहा है या नहीं। आने वाले दिनों में यह अभियान और तेज होने की संभावना है।