प्रसिद्ध फिल्म निर्माता भरतिराजा के निधन पर उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने जताया शोक
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Bharathiraja Death
उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने भरतिराजा के निधन पर शोक जताया।
भरतिराजा को तमिल सिनेमा में क्रांतिकारी बदलाव लाने वाला फिल्मकार बताया।
भारतीय सिनेमा को उनके योगदान को हमेशा याद रखा जाएगा।
Mumbai / भारत के प्रतिष्ठित फिल्म निर्माता और निर्देशक भरतिराजा के निधन पर उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने भरतिराजा को भारतीय सिनेमा का एक दूरदर्शी कहानीकार बताते हुए कहा कि उन्होंने अपनी फिल्मों के माध्यम से ग्रामीण भारत की वास्तविकता, मानवीय संवेदनाओं और सामाजिक जीवन को बड़े प्रभावशाली ढंग से पर्दे पर प्रस्तुत किया।
उपराष्ट्रपति ने अपने शोक संदेश में कहा कि भरतिराजा ने तमिल सिनेमा को नई दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनकी फिल्मों में गांवों की संस्कृति, आम लोगों के संघर्ष, रिश्तों की गहराई और मानवीय भावनाओं का सजीव चित्रण देखने को मिलता था। यही कारण है कि उनकी रचनात्मक शैली ने दर्शकों के दिलों में एक विशेष स्थान बनाया और भारतीय सिनेमा को नई पहचान दी।
उन्होंने कहा कि भरतिराजा केवल एक सफल निर्देशक ही नहीं थे, बल्कि ऐसे कलाकार थे जिन्होंने अपनी विशिष्ट सिनेमाई भाषा और अनूठी कहानी कहने की कला से फिल्म निर्माण के क्षेत्र में नई परंपराएं स्थापित कीं। उनकी कई फिल्में आज भी भारतीय सिनेमा की कालजयी कृतियों में गिनी जाती हैं और नई पीढ़ी के फिल्मकारों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनी हुई हैं।
उपराष्ट्रपति ने आगे कहा कि भरतिराजा का योगदान केवल तमिल सिनेमा तक सीमित नहीं था, बल्कि उन्होंने पूरे भारतीय फिल्म जगत को समृद्ध किया। उनके द्वारा गढ़े गए यादगार पात्र और प्रभावशाली कथानक लंबे समय तक दर्शकों के मन में जीवित रहेंगे।
श्री सी.पी. राधाकृष्णन ने कहा कि भरतिराजा का निधन भारतीय सिनेमा के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उन्होंने दिवंगत फिल्मकार के परिवार, मित्रों, सहयोगियों और दुनिया भर में फैले उनके करोड़ों प्रशंसकों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की। साथ ही उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें और शोक संतप्त परिवार को इस कठिन समय में संबल दें।
भरतिराजा का सिनेमा और कला जगत में योगदान सदैव याद रखा जाएगा और उनकी रचनाएं आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेंगी।