PoK में फिर उबाल, JKJAAC का बड़े विरोध प्रदर्शन का ऐलान | Pakistan Occupied Kashmir News

Sat 29-Aug-2026,02:46 PM IST +05:30

ताजा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे Whatsapp Channel को Join करें |

Follow Us

PoK में फिर उबाल, JKJAAC का बड़े विरोध प्रदर्शन का ऐलान | Pakistan Occupied Kashmir News Pakistan Kashmir News
  • PoK में प्रदर्शन: JKJAAC ने बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया।

  • मुख्य मांगें: शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं की बहाली और सुरक्षा नाकेबंदी हटाने की मांग।

  • अंतरराष्ट्रीय समर्थन: ब्रिटेन और यूरोप में एकजुटता मार्च की तैयारी।

Jammu and Kashmir / Jammu :

PoK / पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में एक बार फिर विरोध की आवाज तेज होने का दावा किया जा रहा है। जम्मू-कश्मीर ज्वाइंट आवामी एक्शन कमेटी (JKJAAC) ने क्षेत्र में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया है। संगठन का कहना है कि सुरक्षा बलों की तैनाती, नाकेबंदी और कथित प्रतिबंधों के कारण लोगों को शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी सुविधाओं तक पहुंचने में परेशानी हो रही है।

रावलाकोट में हुई एक बैठक के बाद JKJAAC के नेताओं ने छात्रों, अभिभावकों और सिविल सोसाइटी से प्रस्तावित धरना-प्रदर्शनों में शामिल होने की अपील की। आंदोलन के नेता उमर नजीर कश्मीरी ने कहा कि यह विरोध क्षेत्र में सामान्य जनजीवन बहाल करने और बुनियादी सेवाओं तक लोगों की पहुंच सुनिश्चित करने की मांग को लेकर किया जा रहा है। संगठन ने ब्रिटेन और यूरोप में रहने वाले कश्मीरी समुदाय से भी एकजुटता मार्च में शामिल होने की अपील की है।

शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर विरोध
JKJAAC के मुताबिक, PoK के कुछ संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा बलों की भारी मौजूदगी के कारण शैक्षणिक संस्थानों और चिकित्सा केंद्रों का कामकाज प्रभावित हुआ है। संगठन का आरोप है कि सुरक्षा घेराबंदी, कर्फ्यू और नाकेबंदी के कारण छात्रों को स्कूल-कॉलेज जाने में परेशानी हो रही है, जबकि मरीजों के लिए अस्पतालों तक पहुंचना भी चुनौतीपूर्ण हो गया है।

आंदोलनकारियों ने स्कूलों, कॉलेजों और अस्पतालों में सैन्य मौजूदगी को लेकर सवाल उठाए हैं। उनकी प्रमुख मांगों में सुरक्षा नाकेबंदी हटाना, शैक्षणिक संस्थानों को सामान्य रूप से संचालित करना और चिकित्सा सेवाओं को निर्बाध बनाना शामिल है।

धीरकोट में बड़े धरने की तैयारी
JKJAAC की ओर से पूंछ डिवीजन के धीरकोट में मुख्य धरना आयोजित किए जाने की बात कही गई है। आयोजकों ने महिलाओं और छात्राओं से प्रदर्शन में प्रमुख भूमिका निभाने की अपील की है। परिवारों से बच्चों को स्कूल यूनिफॉर्म और स्कूल बैग के साथ प्रदर्शन स्थल पर लाने को कहा गया है। आयोजक इसे शिक्षा के अधिकार से जुड़े विरोध के प्रतीक के रूप में पेश कर रहे हैं।

इसके अलावा मीरपुर और मुजफ्फराबाद डिवीजन में भी एकजुटता रैलियां आयोजित करने की अपील की गई है। संगठन का उद्देश्य इन प्रदर्शनों के जरिए पूंछ डिवीजन की मांगों के समर्थन में व्यापक जनसमर्थन जुटाना बताया गया है।

ब्रिटेन और यूरोप तक आंदोलन पहुंचाने की तैयारी
JKJAAC ने PoK से जुड़े मुद्दों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उठाने की भी तैयारी की है। संगठन के मुताबिक, ब्रिटेन के बर्मिंघम और इटली में एकजुटता मार्च आयोजित किए जाएंगे। यूरोप में रहने वाले कश्मीरी प्रवासियों से इन कार्यक्रमों में शामिल होने की अपील की गई है।

संगठन का दावा है कि इन प्रदर्शनों के जरिए क्षेत्र में कथित मानवाधिकार उल्लंघन, प्रशासनिक पाबंदियों और बुनियादी सेवाओं से जुड़ी समस्याओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सामने लाया जाएगा।

कई महीनों से तनाव का दावा
यह विरोध आह्वान ऐसे समय हुआ है जब PoK में सिविल सोसाइटी संगठनों और प्रशासन के बीच तनाव की खबरें सामने आती रही हैं। JKJAAC ने इंटरनेट प्रतिबंध, आवाजाही में बाधा और सुरक्षा नाकेबंदी जैसे मुद्दों को भी उठाया है। संगठन का कहना है कि सामान्य स्थिति बहाल होने तक उसका आंदोलन जारी रहेगा।

JKJAAC की मांगों में शैक्षणिक संस्थानों को दोबारा सामान्य रूप से खोलना, चिकित्सा केंद्रों को सैन्य मौजूदगी से मुक्त करना और हिरासत में लिए गए स्थानीय कार्यकर्ताओं की रिहाई भी शामिल बताई गई है।

फिलहाल, इन दावों और आगामी प्रदर्शनों को लेकर PoK में स्थिति पर नजर बनी हुई है। संगठन इसे नागरिक अधिकारों और बुनियादी सुविधाओं से जुड़ा शांतिपूर्ण आंदोलन बता रहा है। वहीं, सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक प्रतिक्रिया आने वाले दिनों में इस पूरे घटनाक्रम की दिशा तय कर सकती है।