Yuva Sangam Phase 6: हिमाचल के 58 छात्रों ने पुडुचेरी में संस्कृति, शिक्षा और नवाचार का अनुभव लिया

Tue 16-Jun-2026,08:59 PM IST +05:30

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Yuva Sangam Phase 6: हिमाचल के 58 छात्रों ने पुडुचेरी में संस्कृति, शिक्षा और नवाचार का अनुभव लिया Yuva Sangam Phase 6
  • हिमाचल के 58 छात्रों ने युवा संगम के तहत पुडुचेरी का भ्रमण किया।

  • उपराज्यपाल के साथ विकसित भारत 2047 और नवाचार पर चर्चा हुई।

  • छात्रों ने संस्कृति, शिक्षा और अनुसंधान संस्थानों का अनुभव प्राप्त किया।

Himachal Pradesh / Shimla :

Shimla / ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ पहल के तहत आयोजित युवा संगम फेज़ VI कार्यक्रम के अंतर्गत हिमाचल प्रदेश के 58 छात्रों के प्रतिनिधिमंडल ने 8 से 13 जून 2026 तक पुडुचेरी का शैक्षणिक और सांस्कृतिक दौरा किया। एनआईटी पुडुचेरी द्वारा आयोजित इस यात्रा का उद्देश्य देश के विभिन्न राज्यों के युवाओं को एक-दूसरे की संस्कृति, परंपराओं, शिक्षा व्यवस्था और विकास मॉडल से परिचित कराना था।

छह दिनों की इस यात्रा के दौरान छात्रों को पुडुचेरी की सांस्कृतिक, भाषाई और सामाजिक विविधता को करीब से जानने का अवसर मिला। स्थानीय समुदायों के साथ संवाद और विभिन्न कार्यक्रमों में भागीदारी के माध्यम से प्रतिभागियों ने दक्षिण भारत की संस्कृति और जीवनशैली को समझा। इस अनुभव ने युवाओं के बीच आपसी समझ और राष्ट्रीय एकता की भावना को और मजबूत किया।

यात्रा का सबसे महत्वपूर्ण आकर्षण 12 जून को पुडुचेरी के उपराज्यपाल के. कैलाशनाथन के साथ हुई विशेष बातचीत रही। लोक निवास में आयोजित इस संवाद कार्यक्रम में विकसित भारत 2047, नवाचार, आत्मनिर्भरता, उद्यमिता और राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई। उपराज्यपाल ने छात्रों को अपने कौशल और प्रतिभा का बेहतर उपयोग करने, नई सोच अपनाने और देश के विकास में सक्रिय भागीदारी निभाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि भारत के भविष्य को आकार देने में युवाओं की भूमिका सबसे अहम है।

प्रतिनिधिमंडल ने इस दौरान तिरुवरूर स्थित ऐतिहासिक त्यागराज मंदिर का भी भ्रमण किया। यह मंदिर भारत के सबसे विशाल और प्रसिद्ध प्राचीन मंदिर परिसरों में गिना जाता है। मंदिर की भव्य चोल वास्तुकला, विशाल गोपुरम, पत्थरों पर की गई उत्कृष्ट नक्काशी और पवित्र कमलालयम तालाब ने छात्रों को बेहद प्रभावित किया। इस दौरे ने उन्हें भारत की समृद्ध सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत को समझने का अवसर दिया।

शैक्षणिक दृष्टि से भी यह यात्रा बेहद उपयोगी रही। छात्रों ने तमिलनाडु केंद्रीय विश्वविद्यालय (CUTN) का दौरा किया, जहां उन्होंने आधुनिक प्रयोगशालाओं, अनुसंधान केंद्रों और शैक्षणिक सुविधाओं का अवलोकन किया। विश्वविद्यालय के विशेषज्ञों और शिक्षकों से बातचीत के दौरान उन्हें उच्च शिक्षा, अनुसंधान और नवाचार के क्षेत्र में उपलब्ध अवसरों की जानकारी मिली। इससे छात्रों को अपने भविष्य की संभावनाओं को लेकर नई प्रेरणा और दिशा मिली।

गौरतलब है कि शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग द्वारा शुरू किया गया युवा संगम कार्यक्रम देश के युवाओं को एक-दूसरे के राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की संस्कृति, शिक्षा, तकनीक और विकास कार्यों से जोड़ने का एक महत्वपूर्ण मंच है। इसके तहत 22 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के युवाओं को अनुभवात्मक शिक्षा और सांस्कृतिक आदान-प्रदान का अवसर दिया जा रहा है।

हिमाचल प्रदेश के छात्रों के लिए पुडुचेरी का यह दौरा केवल एक शैक्षणिक यात्रा नहीं था, बल्कि यह भारत की विविधता, सांस्कृतिक समृद्धि और राष्ट्रीय एकता को करीब से महसूस करने का एक अनूठा अनुभव भी साबित हुआ। इस तरह के कार्यक्रम युवाओं को एक बेहतर नागरिक और जिम्मेदार राष्ट्रनिर्माता बनने के लिए प्रेरित करते हैं।