Bhojshala Case Supreme Court Hearing Today: हाईकोर्ट के फैसले को मुस्लिम पक्ष ने दी चुनौती

Tue 14-Jul-2026,01:24 PM IST +05:30

ताजा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे Whatsapp Channel को Join करें |

Follow Us

Bhojshala Case Supreme Court Hearing Today: हाईकोर्ट के फैसले को मुस्लिम पक्ष ने दी चुनौती Bhojshala Case
  • भोजशाला विवाद मामले में आज सुप्रीम कोर्ट में अहम सुनवाई।

  • मुस्लिम पक्ष ने इंदौर हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती दी।

  • हिंदू और मुस्लिम पक्ष अपने-अपने दावे अदालत के सामने रखेंगे।

Madhya Pradesh / Dhar :

Dhar / मध्य प्रदेश के धार जिले में स्थित भोजशाला को लेकर वर्षों से हिंदू और मुस्लिम पक्षों के बीच कानूनी संघर्ष जारी है। इस विवाद ने समय-समय पर देशभर में चर्चा का विषय बनकर राजनीतिक और सामाजिक बहसों को भी प्रभावित किया है। अब यह मामला देश की सर्वोच्च अदालत, सुप्रीम कोर्ट, के सामने पहुंच गया है।

दरअसल, 15 मई को इंदौर हाईकोर्ट ने भोजशाला मामले में एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाया था। हाईकोर्ट के इस निर्णय से असंतुष्ट मुस्लिम पक्ष ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है और हाईकोर्ट के आदेश को चुनौती देते हुए उसे निरस्त करने की मांग की है। आज होने वाली सुनवाई में दोनों पक्ष अपनी-अपनी दलीलें सर्वोच्च अदालत के समक्ष रखेंगे।

सुप्रीम कोर्ट में इस मामले में हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस को मुख्य प्रतिवादी बनाया गया है। हिंदू पक्ष की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन अदालत में पैरवी करेंगे। वे हाईकोर्ट के फैसले का समर्थन करते हुए यह बताने का प्रयास करेंगे कि भोजशाला का ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व हिंदू परंपरा से जुड़ा हुआ है। वहीं, मुस्लिम पक्ष हाईकोर्ट के आदेश पर अपनी आपत्तियां दर्ज कराते हुए अदालत से राहत की मांग करेगा।

भोजशाला को लेकर दोनों पक्षों के दावे अलग-अलग हैं। हिंदू पक्ष का कहना है कि यह स्थल माता वाग्देवी, अर्थात देवी सरस्वती का प्राचीन मंदिर है और यहां नियमित पूजा-अर्चना का अधिकार हिंदू समुदाय को मिलना चाहिए। दूसरी ओर, मुस्लिम पक्ष इसे कमाल मौला मस्जिद बताता है और वहां नमाज अदा करने के अपने अधिकार को सुरक्षित रखने की मांग करता है।

इसी दावे और प्रतिदावे के बीच यह विवाद कई वर्षों से विभिन्न अदालतों में सुनवाई के दौर से गुजर रहा है। इंदौर हाईकोर्ट के हालिया फैसले के बाद इस मामले ने एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर ध्यान आकर्षित किया था। अब सुप्रीम कोर्ट में होने वाली सुनवाई को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि यहां से आने वाला कोई भी आदेश आगे की कानूनी प्रक्रिया और विवाद की दिशा तय कर सकता है।

कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि सुप्रीम कोर्ट दोनों पक्षों की दलीलों और उपलब्ध दस्तावेजों का गहन अध्ययन करने के बाद आगे की कार्यवाही निर्धारित करेगा। यह भी देखा जाएगा कि अदालत किसी प्रकार का अंतरिम आदेश जारी करती है या नहीं।

फिलहाल, पूरे देश की नजर सुप्रीम कोर्ट की कार्यवाही पर टिकी हुई है। भोजशाला विवाद केवल एक धार्मिक स्थल का प्रश्न नहीं, बल्कि इतिहास, विरासत, संवैधानिक अधिकारों और सामाजिक संतुलन से जुड़ा संवेदनशील विषय है। ऐसे में सर्वोच्च अदालत का हर कदम और हर टिप्पणी इस बहुचर्चित मामले के भविष्य को प्रभावित कर सकती है।

तो आज की सुनवाई पर सभी की निगाहें बनी हुई हैं। सुप्रीम कोर्ट में होने वाली बहस और अदालत का रुख आने वाले समय में इस विवाद की दिशा तय कर सकता है। इस मामले से जुड़ी हर बड़ी अपडेट के लिए बने रहिए हमारे साथ।