गुंटूर में सारस मेला 2026: महिला SHG, हस्तशिल्प, संस्कृति और उद्यमिता का राष्ट्रीय मंच

Tue 06-Jan-2026,06:50 PM IST +05:30

ताजा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे Whatsapp Channel को Join करें |

Follow Us

गुंटूर में सारस मेला 2026: महिला SHG, हस्तशिल्प, संस्कृति और उद्यमिता का राष्ट्रीय मंच Saras-Mela-2026-Guntur-Women-Shg-Empowerment
  • सारस मेला- 2026 गुंटूर में महिला स्वयं सहायता समूहों को राष्ट्रीय बाजार, प्रशिक्षण और उद्यम विस्तार के अवसर प्रदान करेगा।

  • लखपति दीदी पवेलियन, फूड कोर्ट, सांस्कृतिक कार्यक्रम और सुरक्षा व्यवस्था के साथ मेला ग्रामीण आजीविका का मजबूत मंच बनेगा।

Andhra Pradesh / Guntur :

आंध्र प्रदेश/ आंध्र प्रदेश के गुंटूर में 6 से 18 जनवरी 2026 तक राष्ट्रीय स्तर का प्रतिष्ठित सारस मेला 2026 आयोजित किया जा रहा है, जो ग्रामीण महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। ग्रामीण विकास और संचार राज्य मंत्री डॉ. चंद्रशेखर पेम्मासानी ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि यह मेला पहली बार इतने बड़े पैमाने पर गुंटूर में आयोजित हो रहा है, जो जिले और राज्य दोनों के लिए गौरव की बात है।

डॉ. पेम्मासानी ने कहा कि सारस मेला महिला स्वयं सहायता समूहों (SHG) के लिए एक राष्ट्रीय मंच है, जहां देशभर की महिलाएं अपनी शिल्पकारी, उद्यमशीलता और नवाचार का प्रदर्शन करेंगी। यह मेला विशेष रूप से आंध्र प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं और बच्चों के विकास (DWCRA) से जुड़ी महिलाओं को राष्ट्रीय और वैश्विक बाजार की समझ विकसित करने में मदद करेगा।

13 दिवसीय इस राष्ट्रीय प्रदर्शनी का औपचारिक उद्घाटन 8 जनवरी 2026 को शाम 4 बजे आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री द्वारा किया जाएगा। इस अवसर पर डॉ. चंद्रशेखर पेम्मासानी भी उपस्थित रहेंगे। मेले में 21 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से लगभग 300 महिला कारीगर और उद्यमी भाग ले रही हैं, जिन्हें अपने उत्पादों को प्रदर्शित और बेचने का अवसर मिलेगा।

सारस मेला 2026 में भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और विविध हस्तशिल्प उत्पादों का व्यापक प्रदर्शन किया जाएगा। इसमें बांस से बने उत्पाद, पोचमपल्ली और गडवाल बुनाई, हथकरघा वस्त्र, पारंपरिक आभूषण, हस्तशिल्प, गृह सज्जा सामग्री, जूट और अन्य पर्यावरण-अनुकूल उत्पाद शामिल हैं। इसके अलावा, अखिल भारतीय SHG फूड कोर्ट में आगंतुक देशभर के पारंपरिक व्यंजनों का स्वाद ले सकेंगे, जिनमें रायलसीमा व्यंजन, मदुगुला हलवा, भीमिली थंद्रा और अत्रेयपुरम पूथारेकुलु प्रमुख हैं।

मेले में हर शाम सांस्कृतिक और मनोरंजन कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनमें बच्चों के लिए विशेष गतिविधियां होंगी। अंतर-राज्यीय, राज्य और जिला स्तर की सांस्कृतिक प्रस्तुतियां मेले को और आकर्षक बनाएंगी।

महिला उद्यमियों के लिए विशेषज्ञों द्वारा संरचित क्षमता निर्माण और प्रशिक्षण सत्र भी आयोजित किए जाएंगे। इसके साथ ही एक विशेष लखपति दीदी पवेलियन में महिला उद्यमियों की सफलता की कहानियों और आजीविका गतिविधियों का प्रदर्शन किया जाएगा।

सुरक्षा और सुचारू संचालन के लिए 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरों से 24×7 निगरानी, चौबीसों घंटे सुरक्षा कर्मियों की तैनाती तथा SHG प्रतिभागियों के लिए निःशुल्क आवास, भोजन और परिवहन की व्यवस्था की गई है। यह मेला रेड्डी कॉलेज के सामने स्थित खुले मैदान, आदर्श नगर, नरसाराओपेट रोड, गुंटूर में आयोजित हो रहा है और सभी आगंतुकों के लिए प्रवेश निःशुल्क है।