GST संग्रह मई 2025: 3.2% बढ़ोतरी के साथ 1.94 लाख करोड़ रुपये से अधिक
ताजा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे Whatsapp Channel को Join करें |
GST Collection India
GST संग्रह मई 2025 में 1.94 लाख करोड़ रुपये से अधिक.
घरेलू मांग और सेवाओं के क्षेत्र में मजबूत वृद्धि.
आयात और कर संग्रह में लगातार सुधार.
Delhi / मई 2025 में वस्तु एवं सेवा कर (GST) संग्रह में अच्छी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। सरकार द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार इस महीने जीएसटी संग्रह 3.2 प्रतिशत बढ़कर 1.94 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया है। यह पिछले वर्ष की तुलना में एक सकारात्मक संकेत है, जो देश की आर्थिक गतिविधियों में सुधार को दर्शाता है।
विशेषज्ञों के अनुसार इस वृद्धि का मुख्य कारण वस्तुओं और सेवाओं की आपूर्ति में सुधार, घरेलू मांग में मजबूती और आयात से मिलने वाले कर संग्रह में लगातार बढ़ोतरी है। इससे यह साफ संकेत मिलता है कि देश की अर्थव्यवस्था धीरे-धीरे मजबूत स्थिति की ओर बढ़ रही है।
आंकड़ों के अनुसार मई 2025 में सकल जीएसटी संग्रह 1.88 लाख करोड़ रुपये था, जबकि इस बार इसमें उल्लेखनीय बढ़ोतरी देखने को मिली है। घरेलू लेनदेन से प्राप्त केंद्रीय जीएसटी (CGST) 37,397 करोड़ रुपये, राज्य जीएसटी (SGST) 45,143 करोड़ रुपये और एकीकृत जीएसटी (IGST) 51,990 करोड़ रुपये दर्ज किया गया।
इस दौरान कर योग्य वस्तुओं की आपूर्ति में 26.9 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई, जबकि सेवाओं के क्षेत्र में 22.2 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। यह आंकड़े देश में खपत और उत्पादन दोनों की मजबूती को दर्शाते हैं।
आयात से प्राप्त IGST संग्रह में भी 19.1 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जो औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार का संकेत देती है। वहीं GST रिफंड 2.6 प्रतिशत बढ़कर 27,281 करोड़ रुपये तक पहुंच गया।
रिफंड समायोजित करने के बाद शुद्ध जीएसटी राजस्व भी 3.3 प्रतिशत बढ़कर लगभग 1.67 लाख करोड़ रुपये हो गया है। कुल मिलाकर ये आंकड़े बताते हैं कि देश की अर्थव्यवस्था में स्थिरता और सुधार का दौर जारी है और कर संग्रह में लगातार मजबूती आ रही है।